रुचिका सिंह (प्रधानमंत्री पर कथित टिप्पणी की आरोपी)
जंतर-मंतर प्रदर्शन के दौरान कथित टिप्पणी पर अधिवक्ता की शिकायत, बीएनएस की विभिन्न धाराओं में दर्ज हुआ मुकदमा
नोएडा। दिल्ली के जंतर-मंतर पर आयोजित एक प्रदर्शन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ कथित रूप से अभद्र और आपत्तिजनक टिप्पणी करने के आरोप में एक युवती के विरुद्ध नोएडा के एक्सप्रेसवे थाना पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस ने मामला दर्ज करने के बाद इसे आगे की जांच के लिए दिल्ली पुलिस को स्थानांतरित कर दिया है, क्योंकि कथित घटना दिल्ली क्षेत्र में हुई थी।
अधिवक्ता की शिकायत पर हुई कार्रवाई
जानकारी के अनुसार, गाजियाबाद के वसुंधरा निवासी एवं सर्वोच्च न्यायालय की अधिवक्ता स्मृति सिंह ने इस संबंध में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में कहा गया कि 23 जुलाई को उनके संज्ञान में एक वीडियो आया, जिसमें जंतर-मंतर पर आयोजित प्रदर्शन के दौरान एक युवती सार्वजनिक रूप से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ कथित रूप से अभद्र और आपत्तिजनक भाषा का प्रयोग करती दिखाई दे रही है।
शिकायतकर्ता का आरोप है कि इस कथित बयान से संवैधानिक पद की गरिमा को ठेस पहुंची है तथा सार्वजनिक शांति और सामाजिक सौहार्द प्रभावित होने की आशंका उत्पन्न हुई है। उन्होंने पुलिस से कानूनी कार्रवाई की मांग की।
युवती की हुई पहचान
शिकायत के आधार पर पुलिस ने जांच शुरू की, जिसमें युवती की पहचान रुचिका सिंह के रूप में होने का दावा किया गया। बताया गया कि वह नोएडा के सेक्टर-168 स्थित लोटस जिंग (Lotus Zing) सोसायटी में रहती है। पुलिस के अनुसार, घटना के बाद से युवती और उसके परिजन अपने फ्लैट पर नहीं मिले हैं।
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, युवती मूल रूप से फरीदाबाद के ऊंचागांव की रहने वाली है और ब्यूटी पार्लर का संचालन करती है। बताया जा रहा है कि उसने इसी वर्ष जनवरी में नोएडा की उक्त सोसायटी में फ्लैट खरीदा था।
बीएनएस की धाराओं में दर्ज हुआ मामला
पुलिस ने शिकायत के आधार पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 352, धारा 353(1) और धारा 356(1) के तहत शून्य एफआईआर (Zero FIR) दर्ज की है। चूंकि कथित घटना दिल्ली के जंतर-मंतर क्षेत्र में हुई थी, इसलिए कानूनी प्रक्रिया के तहत मामला दिल्ली पुलिस को स्थानांतरित कर दिया गया है।
अब इस प्रकरण की आगे की जांच और आवश्यक कार्रवाई दिल्ली पुलिस द्वारा की जाएगी।
जांच जारी, आधिकारिक निष्कर्ष का इंतजार
फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। जांच के दौरान वीडियो की प्रामाणिकता, कथित बयान की परिस्थितियों तथा अन्य साक्ष्यों का परीक्षण किया जाएगा। मामले में अभी तक किसी न्यायालय द्वारा आरोपों की पुष्टि नहीं की गई है और न ही युवती की ओर से कोई सार्वजनिक प्रतिक्रिया सामने आई है।
जांच पूरी होने और संबंधित एजेंसियों की कार्रवाई के बाद ही इस मामले में आगे की कानूनी स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।