नौचंदी रोड स्थित परशुराम मंदिर में धार्मिक अनुष्ठान करते पूर्व मंत्री सुनील भराला
मेरठ। नौचंदी रोड स्थित भगवान परशुराम राधा-कृष्ण मंदिर में रविवार को आयोजित एक धार्मिक एवं सामाजिक कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश सरकार के पूर्व मंत्री एवं राष्ट्रीय परशुराम परिषद के संस्थापक पंडित सुनील भराला ने विधिवत पूजा-अर्चना कर भगवान परशुराम एवं राधा-कृष्ण के दर्शन किए। इस अवसर पर मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं तथा क्षेत्र के गणमान्य नागरिकों की उल्लेखनीय उपस्थिति रही।
कार्यक्रम के दौरान मंदिर में वैदिक मंत्रोच्चार एवं धार्मिक अनुष्ठानों का आयोजन किया गया। श्रद्धालुओं ने भगवान परशुराम और राधा-कृष्ण की आराधना कर प्रदेश एवं देश की सुख-समृद्धि, शांति और उन्नति की कामना की। मंदिर समिति द्वारा पंडित सुनील भराला का स्वागत एवं सम्मान भी किया गया।
सभा को संबोधित करते हुए पंडित सुनील भराला ने कहा कि भगवान परशुराम भारतीय संस्कृति के ऐसे महानायक हैं, जिन्होंने सत्य, न्याय, साहस और धर्म की रक्षा के लिए अपना संपूर्ण जीवन समर्पित किया। उन्होंने कहा कि भगवान परशुराम केवल धार्मिक आस्था के प्रतीक नहीं हैं, बल्कि वे समाज को अन्याय के विरुद्ध संघर्ष करने और सदैव सत्य के मार्ग पर चलने की प्रेरणा भी देते हैं।
उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में युवा पीढ़ी को भगवान परशुराम के आदर्शों से प्रेरणा लेने की आवश्यकता है। यदि युवा वर्ग उनके जीवन मूल्यों को अपनाए तो समाज और राष्ट्र दोनों का सर्वांगीण विकास संभव है। उन्होंने युवाओं से राष्ट्र निर्माण, सामाजिक सेवा और सांस्कृतिक संरक्षण के कार्यों में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया।
पंडित भराला ने अपने संबोधन में भारतीय संस्कृति और सनातन परंपराओं के महत्व पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि भारत की पहचान उसकी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और आध्यात्मिक परंपराओं से है। इन मूल्यों का संरक्षण और संवर्धन प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि जब समाज अपने महापुरुषों और ऋषि-मुनियों के आदर्शों को आत्मसात करता है, तब वह विकास और समृद्धि के नए आयाम स्थापित करता है।
उन्होंने मंदिरों की भूमिका पर चर्चा करते हुए कहा कि धार्मिक स्थल केवल पूजा-अर्चना के केंद्र नहीं हैं, बल्कि सामाजिक समरसता, सांस्कृतिक जागरण और आध्यात्मिक चेतना के महत्वपूर्ण केंद्र भी हैं। ऐसे स्थलों के माध्यम से समाज में सकारात्मक सोच, नैतिक मूल्यों और आपसी भाईचारे को बढ़ावा मिलता है।
पंडित सुनील भराला ने उपस्थित लोगों से सामाजिक एकता और राष्ट्रहित के कार्यों में बढ़-चढ़कर भाग लेने का आह्वान करते हुए कहा कि समाज के प्रत्येक वर्ग को मिलकर देश को सशक्त बनाने की दिशा में कार्य करना चाहिए। उन्होंने कहा कि भगवान परशुराम का संदेश आज भी उतना ही प्रासंगिक है जितना प्राचीन काल में था और उनके आदर्श आने वाली पीढ़ियों का मार्गदर्शन करते रहेंगे।
कार्यक्रम में भाजपा मंडल अध्यक्ष मनोज गुप्ता, राजकुमार कौशिक, बहन कृष्णा जी, दिनेश कौशिक, सुभाष शर्मा, राजकुमार शर्मा, सुधीर कुमार शर्मा, अभिषेक अग्रवाल, हरेंद्र भारद्वाज, राहुल शर्मा, रविंद्र कौशिक, प्रमोद कुमार तथा राजवीर सिंह सहित अनेक गणमान्य नागरिक एवं श्रद्धालु उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का समापन सामूहिक प्रार्थना, भजन-कीर्तन एवं प्रसाद वितरण के साथ हुआ। इस अवसर पर उपस्थित श्रद्धालुओं ने भगवान परशुराम के आदर्शों को जन-जन तक पहुंचाने तथा समाजहित एवं राष्ट्रहित के कार्यों में सक्रिय योगदान देने का संकल्प लिया।