250 दंपती करेंगे ‘श्रीजी’ की आराधना
नवीन वेदी प्रतिष्ठा महोत्सव व स्वर्ण जयंती समारोह की तैयारियां पूरी
मेरठ । जैनाचार्य सौरभ सागर महाराज के सानिध्य में कमला नगर स्थित सब्जी देवी जैन-प्रेमचंद जैन ट्रस्ट के दिगंबर जैन मंदिर में 15 अक्टूबर से पांच दिवसीय नवीन वेदी प्रतिष्ठा महोत्सव एवं स्वर्ण जयंती समारोह का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान चयनित पात्रों सहित 250 से अधिक दंपती भक्तिभाव से सराबोर होकर आस्था के साथ ‘श्रीजी’ की आराधना करेंगे। मंदिर निर्माण के 50 वर्ष पूरे होने पर श्रद्धालुओं में अपार उत्साह है। रथयात्रा, पांडाल और सांस्कृतिक कार्यक्रमों सहित अन्य व्यवस्थाओं की जिम्मेदारी सौंपी गई है। धार्मिक अनुष्ठान की लगभग सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।
नवीन वेदी प्रतिष्ठा महोत्सव एवं स्वर्ण जयंती समारोह के पुण्यार्जक अजेयता परिवार के राकेश जैन और मुकेश जैन ने ‘पब्लिक एशिया’ से बातचीत में बताया कि इस मंदिर का निर्माण उनके पिता प्रेमचंद जैन एवं माता सब्जी देवी जैन ने वर्ष 1975 में कराया था। इसके लिए सब्जी देवी जैन-प्रेमचंद जैन ट्रस्ट बनाया गया था। आचार्य विद्यानंद महाराज के सानिध्य में मंदिर का शिलान्यास किया गया था। गणिनी प्रमुख ज्ञानमती माता के सानिध्य में भगवान महावीर की संगमरमर से निर्मित प्रतिमा का शुद्धिकरण कर उसे कमल वेदी पर विराजमान कराया गया था। इस प्रतिमा का शुद्धिकरण झांसी के द्रोणगिरि में आयोजित पंचकल्याणक महोत्सव में कराया गया था।
इसके बाद मंदिर में दो अन्य कमल वेदियों का निर्माण कराया गया और इन वेदियों पर 24 जैन तीर्थंकरों की प्रतिमाएं विराजमान हैं। इनमें आदिनाथ, अजितनाथ, संभव नाथ, सुमतिनाथ, पद्मप्रभु, सुपार्श्वनाथ, अभिनंदननाथ, चंद्रप्रभु, पुष्पदंत, शीतलनाथ, श्रेयांसनाथ, वासुपूज्य, विमलनाथ, अनंतनाथ, धर्मनाथ, शांतिनाथ, कुंथुनाथ, अरहनाथ, मल्लिनाथ, मुनिसुव्रत, नेमिनाथ, पार्श्वनाथ और महावीर की प्रतिमाएं शामिल हैं। भगवान महावीर की मूलनायक प्रतिमा के साथ अन्य तीर्थंकरों की 97 प्रतिमाएं भी विराजमान हैं। इनमें अष्टधातु के साथ संगमरमर की प्रतिमाएं भी शामिल हैं।

सब्जी देवी जैन-प्रेमचंद जैन ट्रस्ट ने ही भूड़बराल में ज्ञानस्थली का निर्माण कराया था। इस मंदिर का पंचकल्याणक जन उपाध्याय ने कराया था, जो बाद में जैनाचार्य पद पर प्रतिष्ठित हुए।
पुण्यार्जक अजेयता परिवार के उत्कर्ष जैन ने बताया कि इस मंदिर के माध्यम से कमला नगर, शंभू नगर, पंजाबीपुरा, दशमेश नगर, महावीर नगर सहित आसपास की अन्य कॉलोनियों के जैन धर्मावलंबियों को पूजा-अर्चना और श्रीजी की आराधना करने का सौभाग्य मिल रहा है। परिवार को पुण्य का सौभाग्य तब प्राप्त हुआ, जब सब्जी देवी जैन-प्रेमचंद जैन ट्रस्ट के सदस्यों ने जैन समाज के साथ मिलकर मंदिर का जीर्णोद्धार कराने का निर्णय लिया। इसके बाद मुख्य वेदी सहित चार वेदियों के निर्माण का संकल्प लिया गया। मंदिर के फर्श को भी लगभग दो फीट ऊंचा कराया गया। अब चारों वेदियों का निर्माण पूरा हो चुका है।
इस धार्मिक अनुष्ठान के सभी कार्यक्रम दिल्ली रोड स्थित जगदीश मंडप में होंगे। आयोजन के लिए साधु सेवा समिति का गठन किया गया है। विधान, पांडाल, भोजन, रथयात्रा एवं घटयात्रा, कार्यालय, प्रचार, सांस्कृतिक कार्यक्रम, बिजली, प्रशासनिक व्यवस्था और आवास सहित अन्य व्यवस्थाओं की जिम्मेदारी संभालने के लिए चेयरमैन एवं संयोजक जुटे हुए हैं। लगभग सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। धार्मिक अनुष्ठान के लिए पात्रों का चयन भी कर लिया गया है।
सौधर्म इंद्र बनने का सौभाग्य प्राप्त करने वाले अजेयता परिवार के चिन्मय जैन और पल्लवी जैन ने बताया कि सभी पात्रों में इस आराधना को लेकर अपार उत्साह है।
महोत्सव में 15 अक्टूबर को जैनाचार्य सौरभ सागर महाराज के मंगल प्रवेश पर जैन समाज के लोग उनका भव्य स्वागत करेंगे। वहीं, 16 अक्टूबर को निकलने वाली श्रीजी की रथयात्रा एवं घटयात्रा में पीत वस्त्रधारी इंद्र-इंद्राणियों के माध्यम से जैन धर्म का संदेश देने वाली झांकियां आकर्षण का केंद्र रहेंगी।
19 अक्टूबर को अभिषेक एवं शांतिधारा के बाद विश्वशांति की भावना के साथ महायज्ञ होगा। इसके बाद जगदीश मंडप से रथयात्रा शुरू होकर कमला नगर जैन मंदिर पहुंचेगी। मंदिर में भगवान महावीर की मूलनायक प्रतिमा को नवीन वेदी पर तथा अन्य नवीन वेदियों पर जिनबिंबों की स्थापना की जाएगी।