मेजर ध्यानचंद खेल विश्वविद्यालय का निरीक्षण करने पहुंची उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल
मेरठ। उत्तर प्रदेश के मेरठ स्थित मेजर ध्यानचंद खेल विश्वविद्यालय को देश के अग्रणी खेल विश्वविद्यालयों में शामिल करने की दिशा में तेजी से कार्य किया जा रहा है। इसी क्रम में उत्तर प्रदेश की राज्यपाल एवं विश्वविद्यालय की कुलाधिपति आनंदीबेन पटेल ने विश्वविद्यालय परिसर का विस्तृत निरीक्षण कर निर्माण कार्यों, शैक्षणिक गतिविधियों, खेल अवसंरचना, छात्र सुविधाओं तथा भविष्य की विकास योजनाओं की समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान उन्होंने विश्वविद्यालय को राष्ट्रीय ही नहीं बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर का उत्कृष्ट खेल एवं शोध संस्थान बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश दिए।
कुलपति ने प्रस्तुत किया विश्वविद्यालय का विजन
राज्यपाल के विश्वविद्यालय पहुंचने पर कुलपति मेजर जनरल (सेवानिवृत्त) दीप अहलावत ने उनका स्वागत किया। इस अवसर पर जिलाधिकारी डॉ. विजय कुमार सिंह, एसएसपी अविनाश पांडेय, खेल विभाग के विशेष सचिव कुमार विनीत, लोक निर्माण विभाग के अधिकारी तथा विश्वविद्यालय के वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी भी उपस्थित रहे।
प्रशासनिक भवन में आयोजित प्रस्तुतीकरण के दौरान कुलपति ने विश्वविद्यालय की वर्तमान प्रगति और आगामी योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि विश्वविद्यालय का उद्देश्य केवल खिलाड़ियों को प्रशिक्षण देना नहीं, बल्कि खेल विज्ञान, खेल चिकित्सा, खेल प्रबंधन, अनुसंधान और हाई-परफॉर्मेंस ट्रेनिंग के क्षेत्र में राष्ट्रीय उत्कृष्टता का केंद्र विकसित करना है।
खेल शिक्षा के साथ शोध पर भी रहेगा विशेष फोकस
राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने कहा कि आधुनिक समय में खेल शिक्षा को शोध और वैज्ञानिक दृष्टिकोण से जोड़ना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने विश्वविद्यालय में स्मार्ट क्लासरूम, आधुनिक प्रयोगशालाएं, उन्नत शोध सुविधाएं तथा डिजिटल शिक्षण व्यवस्था को और मजबूत बनाने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि गुणवत्तापूर्ण अकादमिक शिक्षा और शोध का समन्वय ही विश्वविद्यालय की पहचान बनेगा।
खिलाड़ियों के स्वास्थ्य के लिए अत्याधुनिक सुविधाएं विकसित करने के निर्देश
निरीक्षण के दौरान राज्यपाल ने खिलाड़ियों को विश्वस्तरीय स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने विश्वविद्यालय में स्पोर्ट्स मेडिसिन सेंटर, फिजियोथेरेपी यूनिट, रिहैबिलिटेशन (पुनर्वास) सेवाएं तथा आधुनिक स्वास्थ्य केंद्र विकसित करने के निर्देश दिए, ताकि खिलाड़ियों को प्रशिक्षण के साथ बेहतर चिकित्सा और फिटनेस सुविधाएं भी मिल सकें।
कॉमन मेस का निरीक्षण, पौष्टिक भोजन पर जोर
राज्यपाल ने विद्यार्थियों के लिए संचालित कॉमन मेस का भी निरीक्षण किया। उन्होंने निर्देश दिए कि खिलाड़ियों को उनकी शारीरिक आवश्यकताओं के अनुरूप संतुलित, पौष्टिक एवं उच्च गुणवत्ता वाला भोजन उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने भोजन की गुणवत्ता, स्वच्छता और पोषण संबंधी मानकों का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए।
छात्रावासों में राष्ट्रीय स्तर की सुविधाएं विकसित करने के निर्देश
राज्यपाल ने बालक एवं बालिका छात्रावासों का निरीक्षण कर वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने सुरक्षा, स्वच्छता, पेयजल, विद्युत व्यवस्था, अध्ययन कक्ष, मनोरंजन सुविधाओं तथा अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं को राष्ट्रीय स्तर के मानकों के अनुरूप विकसित करने पर बल दिया।
बालिका छात्रावास में उन्होंने लॉन्ड्री व्यवस्था को कमरों के बजाय बाहरी कवर क्षेत्र में स्थानांतरित करने का सुझाव भी दिया, जिससे छात्राओं को अधिक उपयोगी स्थान उपलब्ध हो सके।
शिक्षकों और विद्यार्थियों के बीच नियमित संवाद पर बल
आनंदीबेन पटेल ने कहा कि किसी भी विश्वविद्यालय की सफलता उसके सकारात्मक शैक्षणिक वातावरण पर निर्भर करती है। उन्होंने डीन, शिक्षकों, विद्यार्थियों और प्रशासन के बीच नियमित संवाद बनाए रखने की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि इससे विद्यार्थियों की समस्याओं का समय पर समाधान होगा और उनका सर्वांगीण विकास सुनिश्चित होगा।
ग्रीन कैंपस और ऊर्जा संरक्षण पर विशेष जोर
राज्यपाल ने विश्वविद्यालय परिसर को ग्रीन कैंपस के रूप में विकसित करने के निर्देश दिए। उन्होंने ऊर्जा दक्षता, सौर ऊर्जा के अधिकतम उपयोग, जल संरक्षण, वर्षा जल संचयन तथा पुनर्चक्रण प्रणाली को प्रभावी बनाने पर जोर दिया।
उन्होंने “एक पेड़ मां के नाम” अभियान के तहत व्यापक वृक्षारोपण करने और पूरे परिसर को हरित एवं पर्यावरण अनुकूल बनाने का भी आह्वान किया।
ग्रामीण प्रतिभाओं को मिलेगा अवसर
राज्यपाल ने कहा कि प्रदेश के विद्यालयों में खेल प्रतिभा पहचान कार्यक्रम संचालित किए जाएं, ताकि ग्रामीण और दूरदराज क्षेत्रों में छिपी प्रतिभाओं को खोजकर उन्हें मेजर ध्यानचंद खेल विश्वविद्यालय से जोड़ा जा सके। उन्होंने राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय खेल संस्थानों के साथ सहयोग बढ़ाने और प्रशासनिक कार्यों में डिजिटल प्रणाली एवं पारदर्शिता सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।
खेल उत्कृष्टता का राष्ट्रीय केंद्र बनेगा विश्वविद्यालय
निरीक्षण के अंत में राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने विश्वास व्यक्त किया कि मेजर ध्यानचंद खेल विश्वविद्यालय आने वाले वर्षों में देश के सर्वश्रेष्ठ खेल विश्वविद्यालयों में अपनी विशिष्ट पहचान स्थापित करेगा। उन्होंने कहा कि यह विश्वविद्यालय न केवल उत्तर प्रदेश बल्कि पूरे देश के खिलाड़ियों को विश्वस्तरीय प्रशिक्षण, शिक्षा और अनुसंधान का मंच प्रदान करेगा तथा भारत को खेल उत्कृष्टता के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।