गन्ना किसान
30 सितंबर तक नए किसान बन सकेंगे गन्ना समिति के सदस्य, उपज बढ़ोतरी के लिए भी करना होगा आवेदन
लखनऊ । प्रदेश के गन्ना किसानों के लिए गन्ना समिति की सदस्यता लेने और गन्ने की उपज बढ़ोतरी का लाभ प्राप्त करने के लिए अब केवल सात दिन शेष हैं। चीनी उद्योग एवं गन्ना विकास विभाग की ओर से प्रदेश की सभी गन्ना समितियों में सट्टा प्रदर्शन मेले आयोजित किए जा रहे हैं। इन मेलों में किसान अपने गन्ना रकबे, सट्टा और आपूर्ति से संबंधित रिकॉर्ड का अवलोकन कर सकते हैं तथा किसी प्रकार की त्रुटि होने पर समय रहते उसका सुधार करा सकते हैं। विभाग ने स्पष्ट किया है कि 30 सितंबर 2026 तक नए किसान गन्ना समिति की सदस्यता प्राप्त कर सकते हैं। निर्धारित समय सीमा तक समिति के सदस्य बनने वाले नए किसानों को पेराई सत्र 2026-27 में चीनी मिलों को गन्ना आपूर्ति की सुविधा अनुमन्य होगी।
किसानों के रिकॉर्ड की जांच और समस्याओं का मौके पर समाधान
गन्ना समितियों में आयोजित किए जा रहे सट्टा प्रदर्शन मेलों का मुख्य उद्देश्य आगामी पेराई सत्र के लिए किसानों के गन्ना रकबे, गन्ना सट्टा और आपूर्ति से संबंधित रिकॉर्ड को किसानों के समक्ष प्रस्तुत करना है। किसान मेले में पहुंचकर अपने रिकॉर्ड का मिलान कर सकते हैं और किसी प्रकार की कमी या त्रुटि मिलने पर संबंधित समिति के माध्यम से आवश्यक सुधार करा सकते हैं। विभाग की ओर से किसानों से अपील की गई है कि वे निर्धारित समय सीमा का इंतजार न करते हुए इन मेलों का अधिक से अधिक लाभ उठाएं। किसान स्वयं सट्टा सूची की जांच करने के साथ अपने साथी किसानों को भी गन्ना समिति की सदस्यता और उपज बढ़ोतरी के लिए समय से आवेदन करने के लिए जागरूक करें।
30 सितंबर तक नए सदस्य बनने वाले किसानों को मिलेगा गन्ना आपूर्ति का अवसर
विभाग के अनुसार जो किसान अभी तक गन्ना समिति के सदस्य नहीं बन पाए हैं, वे 30 सितंबर 2026 तक नई सदस्यता प्राप्त कर सकते हैं। इस तिथि तक पंजीकृत होने वाले नए सदस्यों को पेराई सत्र 2026-27 में चीनी मिलों को गन्ना आपूर्ति करने की सुविधा प्रदान की जाएगी। इसलिए विभाग ने किसानों से निर्धारित समय सीमा के भीतर सदस्यता प्रक्रिया पूरी करने का आह्वान किया है, ताकि पात्र किसान आगामी पेराई सत्र में गन्ना आपूर्ति की सुविधा से वंचित न रहें।
औसत से अधिक उपज वाले किसान उपज बढ़ोतरी के लिए करें आवेदन
जिन किसानों के खेतों में गन्ने की उपज संबंधित जिले की औसत उपज से अधिक है, वे कृषक उपज बढ़ोतरी के लिए आवेदन कर सकते हैं। इसके लिए किसानों को अपना आवेदन पत्र 30 सितंबर 2026 तक संबंधित गन्ना समिति में जमा करना होगा। विभाग के अनुसार निर्धारित समय सीमा के भीतर आवेदन करने वाले पात्र गन्ना किसानों को ही उपज बढ़ोतरी का लाभ प्रदान किया जाएगा।
सट्टा प्रदर्शन मेले में रिकॉर्ड का करा लें मिलान
विभाग ने किसानों से अपील की है कि शेष सात दिनों में अपने निकट की गन्ना समिति अथवा सट्टा प्रदर्शन मेले में पहुंचकर अपनी सट्टा सूची का मिलान अवश्य कर लें। यदि रिकॉर्ड में किसी प्रकार की त्रुटि या कमी है तो उसे निर्धारित समय सीमा के भीतर ठीक कराया जा सकता है। विभाग ने किसानों से यह जानकारी अपने अन्य साथी किसानों के साथ भी साझा करने की अपील की है, ताकि कोई भी पात्र किसान सदस्यता, गन्ना आपूर्ति अथवा उपज बढ़ोतरी से संबंधित सुविधा से वंचित न रहे।
जनप्रतिनिधियों के माध्यम से मेले के आयोजन पर जोर
गन्ना विभाग के आयुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि प्रदेश की गन्ना समितियों में आयोजित सट्टा प्रदर्शन मेलों का शुभारंभ और समापन जनप्रतिनिधियों के माध्यम से कराया जाए। विभाग का उद्देश्य इन मेलों के माध्यम से अधिक से अधिक किसानों तक पहुंच बनाना और उनकी समस्याओं का स्थानीय स्तर पर समाधान सुनिश्चित करना है।
24 घंटे किसानों की समस्याओं के समाधान के लिए टोल-फ्री नंबर
गन्ना किसानों की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए गन्ना विकास विभाग की ओर से मुख्यालय स्तर पर 24 घंटे संचालित किसान कॉल सेंटर की सुविधा उपलब्ध है। किसान अपनी समस्या अथवा शिकायत के समाधान के लिए टोल-फ्री नंबर 1800-121-3203 पर संपर्क कर सकते हैं। विभाग ने किसानों से अपील की है कि सदस्यता, सट्टा प्रदर्शन, गन्ना आपूर्ति और उपज बढ़ोतरी से संबंधित निर्धारित समय सीमा का विशेष ध्यान रखें तथा 30 सितंबर 2026 से पहले आवश्यक प्रक्रिया पूरी कर लें