पूर्व मंत्री सुनील भराला के आवास पर भाजपा पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं के साथ संगठनात्मक विषयों पर चर्चा करतीं डॉ. मेधा कुलकर्णी।
मेरठ। भारतीय जनता पार्टी की राष्ट्रीय मंत्री, राज्यसभा सांसद एवं उत्तर प्रदेश की सह-प्रभारी डॉ. मेधा कुलकर्णी ने मेरठ प्रवास के दौरान राष्ट्रीय परशुराम परिषद के संस्थापक एवं उत्तर प्रदेश सरकार के पूर्व मंत्री सुनील भराला के आवास पर भाजपा पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं से मुलाकात की। इस अवसर पर संगठनात्मक गतिविधियों, आगामी चुनाव की तैयारियों और पार्टी के जनसंपर्क कार्यक्रमों को लेकर विचार-विमर्श किया गया।
सुनील भराला ने अपने आवास पर पहुंचीं डॉ. मेधा कुलकर्णी का स्वागत एवं अभिनंदन किया। इस दौरान भाजपा के कई वरिष्ठ पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे। मुलाकात के दौरान डॉ. कुलकर्णी ने संगठन को मजबूत बनाने, कार्यकर्ताओं के बीच आपसी समन्वय बढ़ाने और जनता के साथ निरंतर संवाद बनाए रखने पर विशेष जोर दिया।
आगामी चुनाव की तैयारियों में सक्रियता से जुटें कार्यकर्ता : डॉ. मेधा कुलकर्णी
भाजपा पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ संवाद करते हुए डॉ. मेधा कुलकर्णी ने आगामी चुनाव की तैयारियों को लेकर संगठनात्मक सक्रियता बढ़ाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि किसी भी राजनीतिक संगठन की मजबूती उसके कार्यकर्ताओं के परिश्रम, समर्पण और आपसी समन्वय पर निर्भर करती है।
उन्होंने उपस्थित पदाधिकारियों से अपने-अपने क्षेत्रों में संगठनात्मक गतिविधियों को गति देने और जनता के बीच निरंतर संपर्क बनाए रखने का आग्रह किया।
डॉ. कुलकर्णी ने कहा कि कार्यकर्ताओं को संगठन द्वारा निर्धारित जिम्मेदारियों का पूरी निष्ठा से निर्वहन करना चाहिए। उन्होंने संगठनात्मक कार्यों में सक्रिय भागीदारी और आपसी तालमेल को महत्वपूर्ण बताया।
संगठन की मजबूती और जनसंपर्क बढ़ाने पर दिया जोर
बैठक के दौरान भाजपा की राष्ट्रीय मंत्री ने संगठन की वर्तमान गतिविधियों और आगामी कार्यक्रमों को लेकर कार्यकर्ताओं से संवाद किया। उन्होंने जनसंपर्क बढ़ाने तथा पार्टी और आम जनता के बीच नियमित संवाद बनाए रखने की आवश्यकता पर बल दिया।
डॉ. कुलकर्णी ने कहा कि संगठन को मजबूत बनाने के लिए सभी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं को सामूहिक रूप से कार्य करना चाहिए। उन्होंने कार्यकर्ताओं से अपने-अपने क्षेत्रों में सक्रिय रहने और संगठनात्मक गतिविधियों में निरंतर भागीदारी सुनिश्चित करने का आग्रह किया।
इस दौरान पार्टी के पदाधिकारियों के बीच आगामी चुनाव की तैयारियों से जुड़े विभिन्न विषयों पर विचार-विमर्श भी हुआ।
सुनील भराला ने किया डॉ. मेधा कुलकर्णी का स्वागत
राष्ट्रीय परशुराम परिषद के संस्थापक एवं उत्तर प्रदेश सरकार के पूर्व मंत्री सुनील भराला ने अपने आवास पर डॉ. मेधा कुलकर्णी का स्वागत एवं अभिनंदन किया।
इस अवसर पर भाजपा के स्थानीय और क्षेत्रीय पदाधिकारियों की उपस्थिति में संगठन से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा हुई। कार्यकर्ताओं ने डॉ. कुलकर्णी से मुलाकात की और संगठनात्मक विषयों पर संवाद किया।
डॉ. कुलकर्णी के मेरठ आगमन के दौरान आयोजित इस मुलाकात में आगामी चुनाव की तैयारियों तथा संगठन की गतिविधियों को लेकर विशेष रूप से चर्चा की गई।
भाजपा जिलाध्यक्ष हरवीर पाल सहित कई वरिष्ठ पदाधिकारी रहे मौजूद
कार्यक्रम में भाजपा जिलाध्यक्ष हरवीर पाल, पूर्व जिलाध्यक्ष अमित राठी, भाजपा पश्चिमी उत्तर प्रदेश के क्षेत्रीय मंत्री अजय भारद्वाज, अंकुर मुखिया और रविंद्र शर्मा सहित पार्टी के अनेक पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
इस दौरान उपस्थित पदाधिकारियों ने संगठनात्मक विषयों पर विचार-विमर्श किया। बैठक में कार्यकर्ताओं की सक्रियता, जनसंपर्क और आगामी चुनाव से संबंधित तैयारियां चर्चा के प्रमुख विषय रहे।
कार्यकर्ताओं के परिश्रम और समन्वय को बताया संगठन की ताकत
डॉ. मेधा कुलकर्णी ने कार्यकर्ताओं से संवाद करते हुए कहा कि संगठन की मजबूती कार्यकर्ताओं के परिश्रम, समर्पण और आपसी समन्वय से सुनिश्चित होती है। उन्होंने सभी कार्यकर्ताओं से अपनी जिम्मेदारियों को गंभीरता से निभाने और संगठनात्मक गतिविधियों में सक्रिय योगदान देने का आग्रह किया।
उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं को अपने क्षेत्रों में निरंतर सक्रिय रहना चाहिए तथा संगठन के विभिन्न कार्यक्रमों में जिम्मेदारी के साथ भागीदारी करनी चाहिए।
बैठक के दौरान आगामी चुनाव की तैयारियों को लेकर भी विचार-विमर्श किया गया। हालांकि, किसी विशेष चुनाव के लिए विस्तृत कार्यक्रम या रणनीति की जानकारी विज्ञप्ति में नहीं दी गई है।
चुनावी तैयारियों और संगठनात्मक गतिविधियों पर केंद्रित रही मुलाकात
मेरठ में सुनील भराला के आवास पर आयोजित इस मुलाकात का प्रमुख केंद्र भाजपा की संगठनात्मक गतिविधियां और आगामी चुनाव की तैयारियां रहीं।
डॉ. मेधा कुलकर्णी ने पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं से संवाद करते हुए जनसंपर्क, संगठनात्मक समन्वय और सक्रिय भागीदारी पर जोर दिया।
कार्यक्रम में उपस्थित नेताओं और कार्यकर्ताओं के बीच संगठन से जुड़े विभिन्न विषयों पर चर्चा हुई। इस दौरान आगामी चुनाव को लेकर पार्टी स्तर पर की जा रही तैयारियों और कार्यकर्ताओं की भूमिका पर भी विचार-विमर्श किया गया।