फाइल फोटो - मेहताब बेचैन
शामली। उत्तर प्रदेश के शामली जिले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 50 हजार रुपये के इनामी बदमाश और कुख्यात मुकीम काला गैंग के सक्रिय शूटर मेहताब बैचेन को मुठभेड़ में मार गिराया। पुलिस के अनुसार मेहताब एक लूट की वारदात को अंजाम देने के बाद फरार हो रहा था, तभी पुलिस टीम ने उसका पीछा किया। खुद को घिरता देख उसने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी, जिसके बाद जवाबी कार्रवाई में वह घायल हो गया। उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
लूट के बाद पुलिस से हुई मुठभेड़
पुलिस के मुताबिक मेहताब बैचेन अपने साथियों के साथ लूट की वारदात को अंजाम देकर फरार हो रहा था। सूचना मिलने पर पुलिस ने इलाके में घेराबंदी कर उसकी तलाश शुरू की। पीछा किए जाने पर आरोपी ने पुलिस टीम पर गोलीबारी की, जिसके जवाब में पुलिस ने भी फायरिंग की। मुठभेड़ के दौरान मेहताब गंभीर रूप से घायल हो गया।
ऑटोमेटिक कारबाइन बरामद
मुठभेड़ के बाद पुलिस ने मौके से एक ऑटोमेटिक कारबाइन सहित अन्य हथियार और आपत्तिजनक सामग्री बरामद की है। बरामद हथियार की जांच की जा रही है कि उसका उपयोग किन-किन आपराधिक घटनाओं में किया गया था।
मुकीम काला गैंग का सक्रिय शूटर था मेहताब
पुलिस के अनुसार मेहताब बैचेन पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुख्यात अपराधी मुकीम काला गैंग का सक्रिय सदस्य और शूटर था। वह लंबे समय से गैंग के लिए काम कर रहा था और कई संगीन आपराधिक वारदातों में उसकी भूमिका सामने आ चुकी थी।
25 से अधिक संगीन मुकदमे दर्ज
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार मेहताब के खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास, लूट, डकैती, रंगदारी, आर्म्स एक्ट और गैंगस्टर एक्ट सहित 25 से अधिक गंभीर आपराधिक मुकदमे विभिन्न थानों में दर्ज थे। उसकी गिरफ्तारी पर उत्तर प्रदेश पुलिस ने 50 हजार रुपये का इनाम घोषित कर रखा था।
पुलिस के लिए बड़ी सफलता
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मेहताब लंबे समय से कानून प्रवर्तन एजेंसियों के लिए चुनौती बना हुआ था। उसके मारे जाने से पश्चिमी उत्तर प्रदेश में सक्रिय संगठित अपराध गिरोहों पर प्रभावी अंकुश लगाने में मदद मिलेगी। मामले में उसके अन्य साथियों की तलाश भी जारी है और पुलिस पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है।
पुलिस ने बताया कि बरामद हथियारों और अन्य साक्ष्यों की फोरेंसिक जांच कराई जाएगी। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि हाल के दिनों में हुई किन-किन आपराधिक घटनाओं में मेहताब और उसके गिरोह की संलिप्तता रही है।