नवीन वेदी प्रतिष्ठा महोत्सव में उमड़ेगा आस्था का सैलाब
जैनाचार्य सौरभ सागर महाराज के सानिध्य में कमला नगर स्थित सब्जी देवी जैन-प्रेमचंद जैन ट्रस्ट के दिगंबर जैन मंदिर में 15 अक्टूबर से होगा पांच दिवसीय धार्मिक अनुष्ठान
मेरठ । जैनाचार्य सौरभ सागर महाराज के सानिध्य में कमला नगर स्थित सब्जी देवी जैन-प्रेमचंद जैन ट्रस्ट के दिगंबर जैन मंदिर में 15 अक्टूबर से होने वाले पांच दिवसीय नवीन वेदी प्रतिष्ठा महोत्सव एवं स्वर्ण जयंती समारोह में श्रीजी की भक्ति और आस्था का सैलाब उमड़ेगा। इस धार्मिक अनुष्ठान की तैयारियां जोर-शोर से की जा रही हैं। पात्रों का चयन कर लिया गया है। वहीं, रथयात्रा, पांडाल, सांस्कृतिक कार्यक्रम सहित अन्य व्यवस्थाओं की जिम्मेदारी भी सौंप दी गई है। केंद्रीय राज्यमंत्री एवं रालोद अध्यक्ष जयंत चौधरी तथा प्रदेश के राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कपिल देव अग्रवाल के भी इस महोत्सव में शामिल होने की संभावना है।
नवीन वेदी प्रतिष्ठा महोत्सव एवं स्वर्ण जयंती समारोह के पुण्यार्जक अजंता परिवार के राकेश जैन, मुकेश जैन, उत्कर्ष जैन, चिन्मय जैन और प्रतीक जैन ने जानकारी दी कि इस धार्मिक अनुष्ठान के सभी कार्यक्रम दिल्ली रोड स्थित जगदीश मंडप में होंगे। इसके आयोजन के लिए साधु सेवा समिति का गठन किया गया है। इसके चेयरमैन वीरेंद्र कुमार जैन, सह-चेयरमैन ऋषभ जैन, मुख्य संयोजक अजय जैन, संयोजक धर्मचंद जैन तथा कोषाध्यक्ष विपिन कुमार जैन बनाए गए हैं।

विधान, पांडाल, भोजन, रथयात्रा-घटयात्रा, कार्यालय, प्रचार, सांस्कृतिक कार्यक्रम, बिजली, प्रशासनिक और आवास सहित अन्य व्यवस्थाओं की जिम्मेदारी संभालने के लिए चेयरमैन एवं संयोजक बनाए गए हैं। इस धार्मिक अनुष्ठान के लिए पात्रों का चयन भी कर लिया गया है।
इसमें सौधर्म इंद्र बनने का सौभाग्य अजंता परिवार के चिन्मय जैन और पल्लवी जैन को, भरत चक्रवर्ती बनने का सौभाग्य पुष्कित जैन और अपूर्वा जैन को तथा कुबेर इंद्र बनने का सौभाग्य निलेश जैन और डॉ. विनिता जैन को मिलेगा। महायज्ञनायक बनने का सौभाग्य प्रथम जैन और रशिता जैन को तथा यज्ञनायक बनने का सौभाग्य सुदीप जैन और शिवानी जैन को प्राप्त होगा।
मंडलेश्वर बनने का सौभाग्य प्रदीप जैन और संगीता जैन को, लांतव इंद्र बनने का अनिल जैन और उमा जैन को, कपिष्ठ इंद्र बनने का आलोक जैन और सपना जैन को, शुक्र इंद्र बनने का अनुराग जैन और कृतिका जैन को, महाशुक्र इंद्र बनने का प्रियंक जैन और मनु जैन को तथा सतार इंद्र बनने का सौभाग्य उमेश जैन और मोनिका जैन को मिलेगा। इनके साथ ही सहस्रार इंद्र, आराण इंद्र, अच्युत इंद्र, आनत इंद्र और प्राणत इंद्र सहित अन्य पात्रों का भी चयन किया गया है।

मुख्य कलश स्थापना करने का सौभाग्य नरेश चंद जैन और अखिल जैन को तथा सामग्री प्रदान करने का सौभाग्य आलोक जैन को मिलेगा। ध्वजारोहण अजय जैन करेंगे।
राकेश जैन ने बताया कि महोत्सव में 15 अक्टूबर को जैनाचार्य सौरभ सागर महाराज के मंगल प्रवेश के बाद वेदी शुद्धि का आयोजन होगा। 16 अक्टूबर को श्रीजी की रथयात्रा एवं घटयात्रा निकाली जाएगी। सायंकालीन सत्र में मयूर जैन भजन संध्या प्रस्तुत करेंगे। 17 और 18 अक्टूबर को अभिषेक एवं शांतिधारा के साथ जिनेंद्र महाअर्चना होगी। दोनों दिन सायंकालीन सत्र में सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
19 अक्टूबर को अभिषेक एवं शांतिधारा के बाद विश्वशांति महायज्ञ होगा। इसके बाद जगदीश मंडप से रथयात्रा प्रारंभ होकर कमला नगर जैन मंदिर पहुंचेगी। मंदिर में नवीन वेदी पर जिन बिंबों की स्थापना की जाएगी।