कलानिधि नैथानी (डीआईजी मेरठ परिक्षेत्र)
मेरठ। मेरठ परिक्षेत्र में 7 सितंबर 2026 को पुलिस द्वारा अपराध नियंत्रण, वांछित अभियुक्तों की गिरफ्तारी, अवैध हथियारों की बरामदगी, साइबर अपराध से पीड़ित लोगों को राहत तथा अभियोजन के माध्यम से दोषियों को सजा दिलाने के क्षेत्र में कई महत्वपूर्ण कार्रवाई की गई। मेरठ, बागपत, बुलंदशहर और हापुड़ जनपदों में पुलिस टीमों ने अलग-अलग मामलों में कार्रवाई करते हुए अभियुक्तों को गिरफ्तार किया तथा पीड़ितों को राहत पहुंचाई।
प्रतियोगी परीक्षाओं का पेपर आउट कराने वाले 20 हजार के इनामी अभियुक्त की गिरफ्तारी
मेरठ जनपद में थाना सिविल लाइन पुलिस और स्वाट टीम नगर की संयुक्त टीम ने प्रतियोगी परीक्षाओं का पेपर आउट कराने तथा सॉल्वर के माध्यम से अभ्यर्थियों को फर्जी तरीके से परीक्षा में पास कराने के मामले में वांछित चल रहे 20 हजार रुपये के इनामी अभियुक्त को गिरफ्तार किया।
पुलिस की इस कार्रवाई को प्रतियोगी परीक्षाओं में पारदर्शिता बनाए रखने और परीक्षा संबंधी धोखाधड़ी के मामलों पर प्रभावी अंकुश लगाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। मामले में अभियुक्त के विरुद्ध आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
बागपत में अज्ञात महिला की हत्या का खुलासा, पति-पत्नी गिरफ्तार
बागपत जनपद में कोतवाली बागपत पुलिस और स्वाट बागपत की संयुक्त टीम ने हत्या की एक घटना का सफल अनावरण किया। पुलिस ने अज्ञात महिला के शव की पहचान कराने के बाद घटना में प्रकाश में आए एक पुरुष और एक महिला, दोनों पति-पत्नी, को गिरफ्तार किया।
पुलिस के अनुसार आरोपियों की गिरफ्तारी के साथ घटना की जांच में महत्वपूर्ण सफलता मिली है। आरोपियों के कब्जे से घटना में प्रयुक्त स्कूटी भी बरामद की गई है। पुलिस द्वारा मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
बुलंदशहर में गौ तस्कर से मुठभेड़, बदमाश घायल अवस्था में गिरफ्तार
बुलंदशहर के थाना चोला क्षेत्र में पुलिस टीम की एक शातिर गौ तस्कर से मुठभेड़ हुई। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में आरोपी घायल अवस्था में गिरफ्तार किया गया। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने उसके कब्जे से अवैध असलहा, कारतूस और बाइक बरामद की।
यह कार्रवाई पुलिस द्वारा चलाए जा रहे “ऑपरेशन शस्त्र” के तहत की गई। गिरफ्तार आरोपी के संबंध में पुलिस द्वारा आपराधिक गतिविधियों और पूर्व के मामलों की जानकारी जुटाई जा रही है।
सरूरपुर में साइबर ठगी के लिए फर्जी बैंक खाते उपलब्ध कराने वाले चार गिरफ्तार
मेरठ के थाना सरूरपुर पुलिस ने साइबर ठगी की घटनाओं में इस्तेमाल किए जाने के लिए फर्जी बैंक खाते उपलब्ध कराने के आरोप में चार अभियुक्तों को गिरफ्तार किया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से तीन मोबाइल फोन और छह बैंक पासबुक बरामद की हैं।
पुलिस द्वारा साइबर अपराध के नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों के संबंध में भी जानकारी जुटाई जा रही है। फर्जी बैंक खातों के माध्यम से होने वाली साइबर ठगी के मामलों में ऐसे खातों की भूमिका महत्वपूर्ण मानी जाती है, इसलिए पुलिस इस नेटवर्क की कड़ियों की जांच कर रही है।
परतापुर पुलिस ने अवैध असलहे के साथ आरोपी पकड़ा
मेरठ के थाना परतापुर पुलिस ने “ऑपरेशन शस्त्र” के अंतर्गत कार्रवाई करते हुए एक अभियुक्त को अवैध शस्त्र और कारतूस के साथ गिरफ्तार किया। पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध संबंधित धाराओं में कार्रवाई शुरू कर दी है।
खेकड़ा में चेकिंग के दौरान तमंचा और जिंदा कारतूस बरामद
बागपत जनपद के थाना कोतवाली खेकड़ा पुलिस ने चेकिंग के दौरान एक अभियुक्त को गिरफ्तार किया। उसके कब्जे से “ऑपरेशन शस्त्र” के तहत अवैध तमंचा और जिंदा कारतूस बरामद किया गया।
पुलिस द्वारा आरोपी के आपराधिक इतिहास की जानकारी जुटाने के साथ ही अवैध हथियार रखने के संबंध में आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
बुलंदशहर में साइबर ठगी के पीड़ित को 33,900 रुपये वापस
बुलंदशहर के थाना सिकंदराबाद पुलिस ने साइबर ठगी के एक मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए पीड़ित के बैंक खाते में 33,900 रुपये की धनराशि वापस कराई। पुलिस की इस कार्रवाई से पीड़ित को आर्थिक राहत मिली।
पुलिस द्वारा लोगों को लगातार साइबर अपराध के प्रति जागरूक रहने और किसी भी संदिग्ध कॉल, लिंक या ऑनलाइन लेन-देन के मामले में तत्काल पुलिस अथवा संबंधित साइबर हेल्पलाइन से संपर्क करने की अपील की जाती है।
धौलाना में साइबर ठगी की शिकार महिला के 20 हजार रुपये वापस
हापुड़ जनपद में थाना धौलाना साइबर क्राइम टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए साइबर ठगी की शिकार पीड़िता के 20 हजार रुपये वापस कराए। पुलिस की कार्रवाई के बाद पीड़िता को ठगी गई धनराशि वापस मिल सकी।
साइबर अपराध के मामलों में समय पर शिकायत और त्वरित कार्रवाई को महत्वपूर्ण माना जाता है। पुलिस टीम द्वारा ऐसे मामलों में पीड़ितों की मदद के लिए कार्रवाई की जा रही है।
ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत तीन हत्यारोपियों को आजीवन कारावास
बागपत पुलिस और अभियोजन विभाग की प्रभावी पैरवी के चलते #OperationConviction के तहत हत्या की घटना से जुड़े तीन आरोपियों को न्यायालय द्वारा दोषी ठहराया गया। तीनों आरोपियों को आजीवन कारावास तथा प्रत्येक को 35-35 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई गई।
पुलिस और अभियोजन विभाग द्वारा मामलों में प्रभावी पैरवी के माध्यम से दोषियों को सजा दिलाने की दिशा में लगातार कार्रवाई की जा रही है।
नाबालिग बच्चे से गंभीर लैंगिक अपराध के प्रयास के आरोपी को 10 साल का कठोर कारावास
OperationConviction के क्रम में बागपत पुलिस और अभियोजन विभाग की प्रभावी पैरवी के परिणामस्वरूप नाबालिग बच्चे के साथ गंभीर लैंगिक अपराध करने के प्रयास के आरोपी को न्यायालय द्वारा 10 वर्ष के कठोर कारावास तथा 13 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई गई।
इस कार्रवाई के माध्यम से पुलिस और अभियोजन विभाग ने गंभीर अपराधों में दोषियों को न्यायालय से सजा दिलाने की दिशा में अपनी पैरवी को प्रभावी बनाए रखा है।
गैंगस्टर अधिनियम के आरोपी को पांच वर्ष की सजा
बागपत में #OperationConviction के तहत गैंगस्टर अधिनियम से संबंधित मामले में भी अभियोजन पक्ष की प्रभावी पैरवी के बाद आरोपी को न्यायालय द्वारा पांच वर्ष के कारावास और पांच हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई गई।
अपराध नियंत्रण और पीड़ितों को राहत पर पुलिस का जोर
मेरठ परिक्षेत्र में एक ही दिन में सामने आई इन कार्रवाइयों में वांछित अभियुक्तों की गिरफ्तारी, हत्या और गौ तस्करी के मामलों का खुलासा, अवैध हथियारों के खिलाफ अभियान, साइबर अपराध से जुड़े आरोपियों की गिरफ्तारी, ठगी की रकम की वापसी और न्यायालय के माध्यम से दोषियों को सजा दिलाने जैसी कार्रवाई शामिल रही।
पुलिस की इन कार्रवाइयों से जहां अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई का संदेश गया है, वहीं साइबर ठगी के पीड़ितों को धनराशि वापस दिलाने और प्रभावी अभियोजन के जरिए दोषियों को सजा दिलाने से पीड़ितों को राहत मिलने की उम्मीद है।