कैविट्स लेडीज क्लब की मासिक बैठक में शामिल सदस्य
मेरठ। कैविट्स लेडिज़ क्लब की मासिक सभा शनिवार को उत्साह, सौहार्द और सामाजिक सरोकारों के बीच धूमधाम से आयोजित की गई। कार्यक्रम में क्लब की सदस्याओं ने बड़ी संख्या में भाग लिया और विभिन्न सामाजिक विषयों पर अपने विचार साझा किए। सभा का मुख्य आकर्षण वर्तमान समय में युवा पीढ़ी में संस्कारों के महत्व और उनके संरक्षण पर केंद्रित चर्चा रही।
कार्यक्रम का शुभारंभ पारंपरिक ईश वंदना के साथ हुआ, जिससे पूरे वातावरण में आध्यात्मिक और सकारात्मक ऊर्जा का संचार हुआ। इसके उपरांत क्लब की अध्यक्ष डॉ. कविता जैन ने सभी सदस्याओं का स्वागत करते हुए कहा कि परिवार और समाज की मजबूती अच्छे संस्कारों से ही संभव है। उन्होंने कहा कि बदलते सामाजिक परिवेश में बच्चों और युवाओं को नैतिक मूल्यों, अनुशासन, पारिवारिक परंपराओं तथा सामाजिक जिम्मेदारियों से जोड़ना समय की आवश्यकता है।
सभा का संचालन होस्ट नीतू डागा, मणि और श्वेता ने संयुक्त रूप से किया। उन्होंने कार्यक्रम की रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए विभिन्न गतिविधियों की जानकारी दी और पूरे आयोजन को सुव्यवस्थित ढंग से आगे बढ़ाया।
इस अवसर पर आयोजित विचार गोष्ठी में “आज की युवा पीढ़ी में संस्कारों की कमी के कारण” विषय पर विस्तृत चर्चा हुई। सदस्याओं ने आधुनिक जीवनशैली, तकनीक के बढ़ते प्रभाव, परिवारों में संवाद की कमी तथा सामाजिक परिवर्तनों को इस चुनौती के प्रमुख कारणों के रूप में रेखांकित किया। साथ ही उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि बच्चों को बचपन से ही नैतिक शिक्षा, पारिवारिक संस्कार, बड़ों का सम्मान, अनुशासन और सामाजिक जिम्मेदारियों का बोध कराया जाना चाहिए। सभी ने इस विषय पर अपने-अपने अनुभव साझा किए और सकारात्मक सुझाव भी दिए।
गंभीर चर्चा के बाद सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने सभा को आनंदमय बना दिया। गेम्स, आकर्षक डांस प्रस्तुतियों और तम्बोला प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें सभी सदस्याओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान हंसी-खुशी और आपसी सौहार्द का माहौल देखने को मिला।
कार्यक्रम के सफल आयोजन में नमिता, रेखा, ममता और तृप्ति का विशेष योगदान रहा। क्लब की सदस्याओं ने उनके प्रयासों की सराहना करते हुए आयोजन को सफल बनाने के लिए धन्यवाद दिया।
सभा का समापन आपसी सौहार्द, सामाजिक जागरूकता और भविष्य में भी ऐसे प्रेरणादायक कार्यक्रम आयोजित करने के संकल्प के साथ हुआ।