विकास भवन में पीएम सूर्य योजना को लेकर बैठक करते जिलाधिकारी डॉ वी के सिंह एवं कैंट विधायक सत्यप्रकाश अग्रवाल
मेरठ, 21 अगस्त 2026। विकास भवन सभागार में जिलाधिकारी डॉ. वी.के. सिंह की अध्यक्षता में डीसीसी, डीएलआरसी और डीएलएससी की बैठक आयोजित की गई। बैठक में जनसरोकार से जुड़ी विभिन्न सरकारी योजनाओं की प्रगति, ऋण वितरण, बैंकों में लंबित ऋण आवेदनों तथा कॉरपोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (CSR) फंड के उपयोग की स्थिति की विस्तार से समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों और बैंक अधिकारियों को पात्र लाभार्थियों तक सरकारी योजनाओं का लाभ समयबद्ध एवं पारदर्शी तरीके से पहुंचाने के निर्देश दिए।
लंबित आवेदनों पर जिलाधिकारी ने जताई नाराजगी
बैठक में सीएम युवा योजना और पीएम सूर्य घर योजना सहित विभिन्न सरकारी योजनाओं के लंबित आवेदनों तथा ऋण वितरण की प्रगति की समीक्षा की गई। लंबित प्रकरणों की स्थिति पर जिलाधिकारी ने नाराजगी व्यक्त करते हुए संबंधित बैंक अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि जनहित से जुड़ी योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की अनावश्यक देरी या उदासीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
जिलाधिकारी ने कहा कि पात्र लाभार्थियों के आवेदन निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार समयबद्ध तरीके से निस्तारित किए जाएं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि योजनाओं में लंबित आवेदनों का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण सुनिश्चित किया जाए, ताकि पात्र लोगों को समय पर योजना का लाभ मिल सके।
लंबित ऋण आवेदनों के लिए समिति गठित करने के निर्देश
जिलाधिकारी डॉ. वी.के. सिंह ने मुख्य विकास अधिकारी को निर्देशित किया कि लंबित ऋण आवेदनों के प्रभावी निस्तारण के लिए एक समिति गठित की जाए। समिति में संबंधित अधिकारियों की ड्यूटी लगाते हुए बैंकों के साथ नियमित समन्वय स्थापित कराया जाए।
उन्होंने कहा कि समिति लंबित ऋण प्रकरणों की समीक्षा करते हुए उनके निस्तारण की समयबद्ध निगरानी करे। बैंक स्तर पर लंबित आवेदनों के संबंध में आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित कराई जाए, ताकि सरकारी योजनाओं के निर्धारित लक्ष्यों को समय से पूरा किया जा सके।
लापरवाही पर होगी आवश्यक कार्रवाई
जिलाधिकारी ने कहा कि विभिन्न सरकारी योजनाओं में आवेदन लंबित रहने और निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप प्रगति नहीं होने का असर जनपद की रैंकिंग पर भी पड़ता है। इसलिए सभी संबंधित बैंक अपेक्षित कार्रवाई सुनिश्चित करें।
उन्होंने बैंक अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि ऋण आवेदन के निस्तारण अथवा ऋण वितरण में अनावश्यक देरी या लापरवाही सामने आने पर संबंधित के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। जिलाधिकारी ने सभी संबंधित अधिकारियों से सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में गंभीरता और जवाबदेही के साथ कार्य करने को कहा।
सीएसआर फंड के मनमाने खर्च पर भी डीएम ने जताई नाराजगी
बैठक में जिलाधिकारी ने कुछ बैंकों द्वारा प्राथमिकता निर्धारित किए बिना सीएसआर फंड खर्च किए जाने पर भी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने संबंधित बैंकों द्वारा किए गए सीएसआर खर्च की जांच कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने कहा कि बैंकों के पास उपलब्ध अवशेष सीएसआर फंड का उपयोग जनहित और स्थानीय आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए किया जाना चाहिए। इसके लिए जिला प्रशासन के साथ समन्वय स्थापित करते हुए प्राथमिकता वाले कार्यों का चयन किया जाए, जिससे सीएसआर राशि का वास्तविक रूप से जनसरोकार के कार्यों में उपयोग सुनिश्चित हो सके।
स्थानीय जरूरतों के अनुसार सीएसआर राशि के उपयोग पर जोर
जिलाधिकारी ने कहा कि सीएसआर फंड का उपयोग केवल औपचारिकता तक सीमित न रहे, बल्कि ऐसे कार्यों को प्राथमिकता दी जाए जिनसे स्थानीय स्तर पर आमजन को प्रत्यक्ष लाभ मिल सके। उन्होंने बैंकों से जिला प्रशासन के साथ समन्वय बनाकर जनहित से जुड़े कार्यों की प्राथमिकता तय करने को कहा।
इस दौरान सीएसआर फंड के उपयोग से संबंधित उपलब्ध जानकारी की भी समीक्षा की गई तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए।
विभिन्न एजेंडा बिंदुओं की भी हुई समीक्षा
बैठक में डीसीसी, डीएलआरसी और डीएलएससी के अन्य निर्धारित एजेंडा बिंदुओं पर भी विस्तार से चर्चा की गई। सरकारी योजनाओं की प्रगति, ऋण वितरण तथा बैंकिंग व्यवस्था से जुड़े विभिन्न मामलों की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने अधिकारियों को अपेक्षित प्रगति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का उद्देश्य तभी पूरा होगा जब पात्र लाभार्थियों को समय पर योजनाओं का लाभ प्राप्त हो। इसके लिए विभागीय अधिकारियों और बैंक अधिकारियों के बीच बेहतर समन्वय आवश्यक है।
जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर जोर
जिलाधिकारी ने कहा कि सरकार द्वारा संचालित योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से पहुंचाना सभी संबंधित विभागों और बैंकों की प्राथमिक जिम्मेदारी है। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि योजनाओं के क्रियान्वयन में आने वाली समस्याओं का आपसी समन्वय से समाधान किया जाए और लंबित मामलों को अनावश्यक रूप से लंबा न खींचा जाए।
बैठक में अधिकारी रहे मौजूद
बैठक में मेरठ कैंट के विधायक, मुख्य विकास अधिकारी, लीड बैंक मैनेजर, जिला सूचना अधिकारी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी और विभिन्न बैंकों के जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक के दौरान अधिकारियों को जिलाधिकारी द्वारा दिए गए निर्देशों के अनुरूप योजनाओं की प्रगति और लंबित प्रकरणों के निस्तारण पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए।