पौधारोपण कार्यक्रम का दीप प्रज्वलित कर शुभारंभ करते विधान परिषद सदस्य धर्मेंद्र भारद्वाज
मेरठ। उत्तर प्रदेश शासन के निर्देशानुसार रविवार को जनपद मेरठ में “वृक्षारोपण महायज्ञ-2026 : एक पेड़ माँ के नाम” अभियान के तहत ऐतिहासिक स्तर पर पौधारोपण कार्यक्रम आयोजित किए गए। जिले के शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों, वन विभाग, नगर निगम, विकास प्राधिकरण, विद्यालयों के छात्र-छात्राओं, स्वयंसेवी संगठनों और हजारों नागरिकों ने उत्साहपूर्वक पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। अभियान के दौरान मेरठ जनपद में कुल 32,65,317 पौधों का रोपण कर हरित विकास की दिशा में नया कीर्तिमान स्थापित किया गया।
हस्तिनापुर से हुआ अभियान का शुभारंभ
मुख्य कार्यक्रम हस्तिनापुर में आयोजित किया गया, जहां उत्तर प्रदेश सरकार के जल शक्ति राज्य मंत्री दिनेश खटीक ने प्रथम पौधा रोपित कर तथा वृक्षारोपण महायज्ञ में पहली आहुति देकर अभियान का शुभारंभ किया।
अपने संबोधन में राज्य मंत्री ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण आज समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक नागरिक को कम से कम एक पौधा अवश्य लगाना चाहिए और उसकी देखभाल की जिम्मेदारी भी स्वयं निभानी चाहिए। उन्होंने विद्यार्थियों, जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों से इस अभियान को जन-आंदोलन बनाने का आह्वान किया।

कार्यक्रम में विभिन्न विद्यालयों के छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक पौधारोपण कर हरित भविष्य का संदेश दिया। सभी उपस्थित लोगों ने पौधारोपण कर स्वच्छ, हरित और प्रदूषण मुक्त वातावरण बनाने का संकल्प लिया।
इस अवसर पर प्रसिद्ध जादूगर वी सम्राट ने अपने विशेष जादुई प्रदर्शन के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण का संदेश देकर बच्चों और नागरिकों को जागरूक किया।
कार्यक्रम में ब्लॉक प्रमुख नितिन पोसवाल, जिलाधिकारी डॉ. वी.के. सिंह, मुख्य विकास अधिकारी नूपुर गोयल, प्रभागीय निदेशक वंदना फोगाट, उपजिलाधिकारी मवाना संतोष कुमार सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
काशी उपवन में मियावाकी तकनीक से विकसित होगा हरित वन
उत्तर प्रदेश आबकारी विभाग के आयुक्त एवं मेरठ के नोडल अधिकारी आदर्श सिंह ने काशी उपवन में मौलश्री का पौधारोपण किया।
उन्होंने बताया कि जिस स्थान पर पहले अतिक्रमण था, उसे नगर निगम द्वारा मुक्त कराकर अब मियावाकी पद्धति से घना वन विकसित किया जा रहा है। यह क्षेत्र भविष्य में हरित वन का स्वरूप लेकर जनपदवासियों को शुद्ध वायु, स्वच्छ वातावरण और जैव विविधता का लाभ प्रदान करेगा।
कार्यक्रम में मेरठ के महापौर हरिकांत अहलूवालिया, नगर आयुक्त सौरभ गंगवार तथा अन्य अधिकारी एवं नागरिक उपस्थित रहे।
सांसद अरुण गोविल और विधायक अमित अग्रवाल ने किया पौधारोपण
मेरठ-हापुड़ लोकसभा सांसद अरुण गोविल तथा मेरठ कैंट विधायक अमित अग्रवाल ने गंगानगर स्थित डब्ल्यू पॉकेट पार्क में पौधारोपण किया।
सांसद अरुण गोविल ने कहा कि वृक्ष पृथ्वी का सबसे बड़ा प्राकृतिक सुरक्षा कवच हैं। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि प्रत्येक व्यक्ति कम से कम एक पौधा लगाकर उसके संरक्षण की जिम्मेदारी निभाए, जिससे आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ पर्यावरण मिल सके।
कार्यक्रम में मेरठ विकास प्राधिकरण के अधिशासी अभियंता अर्पित यादव, एमडीए के अधिकारी, स्थानीय निवासी, स्वयंसेवी संगठन और पत्रकार भी उपस्थित रहे।
चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय में हरिशंकरी पौधारोपण
विधान परिषद सदस्य धर्मेंद्र भारद्वाज ने चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय परिसर में हरिशंकरी (पीपल, बरगद एवं पिलखन) का पौधारोपण किया।
उन्होंने कहा कि पर्यावरण संरक्षण के लिए अधिक से अधिक पौधे लगाना समय की मांग है। कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के अधिकारी, छात्र-छात्राएं, वन विभाग के कर्मचारी और इन्वायरमेंट क्लब के सदस्य मौजूद रहे।
ग्राम केलीरामपुर में पौधों की सुरक्षा का लिया संकल्प
एमएलसी अश्विनी त्यागी ने ग्राम केलीरामपुर में अर्जुन, शीशम और अमरूद सहित विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाए। उन्होंने ग्रामवासियों से अपील की कि केवल पौधे लगाना ही नहीं, बल्कि उनकी सुरक्षा और देखभाल भी सामूहिक जिम्मेदारी होनी चाहिए।
कार्यक्रम में जिला कृषि अधिकारी राजीव कुमार सिंह, खंड विकास अधिकारी सतीश कुमार, ग्राम प्रधान तथा अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।
सारंगपुर वन ब्लॉक में बच्चों को किया प्रेरित
परीक्षितगढ़ के सारंगपुर वन ब्लॉक में ब्लॉक प्रमुख ब्रह्म सिंह ने कंजी, अर्जुन, जामुन और गुटेल के पौधे लगाए।
उन्होंने बच्चों और ग्रामीणों को “एक पेड़ माँ के नाम” अभियान से जुड़ने तथा पौधों की नियमित देखभाल करने के लिए प्रेरित किया। साथ ही जलवायु परिवर्तन और प्लास्टिक प्रदूषण के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया।
अतुल प्रधान ने अपर गंगा नहर किनारे किया पौधारोपण
सरधना विधायक अतुल प्रधान ने अपर गंगा नहर के मील 76 से 78 के मध्य पौधारोपण किया।
उन्होंने कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि समाज का साझा दायित्व है। कार्यक्रम में क्षेत्रीय वन अधिकारी परविंदर कुमार, वन विभाग के कर्मचारी, स्थानीय जनप्रतिनिधि, समाजसेवी, विद्यालयों के छात्र-छात्राएं एवं ग्रामीण मौजूद रहे।
भोला गांव में जिला पंचायत अध्यक्ष ने लगाए विभिन्न प्रजातियों के पौधे
जिला पंचायत अध्यक्ष गौरव चौधरी ने ग्राम भोला स्थित श्मशान घाट परिसर में बरगद, पुत्रंजीवा, कचनार एवं बॉटलब्रश सहित कई प्रजातियों के पौधे लगाए।
उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि प्रत्येक परिवार पर्यावरण संरक्षण के लिए आगे आए और लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल सुनिश्चित करे। कार्यक्रम में ब्लॉक प्रमुख रेखा देवी, जिला पंचायत सदस्य अतुल पूनिया, ग्राम प्रधानों एवं वन विभाग के अधिकारियों ने भी सहभागिता की।
मेरठ में 32.65 लाख पौधों का रिकॉर्ड
प्रभागीय निदेशक मेरठ वंदना फोगाट ने बताया कि अभियान के अंतर्गत वन विभाग द्वारा 4,49,907 तथा अन्य विभागों द्वारा 28,15,410 पौधों का रोपण किया गया। इस प्रकार जनपद मेरठ में कुल 32,65,317 पौधे लगाए गए, जो इस अभियान की ऐतिहासिक उपलब्धि है।
उन्होंने इस सफलता के लिए जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों, वन विभाग, विभिन्न विभागों, स्कूलों के छात्र-छात्राओं, स्वयंसेवी संगठनों, पत्रकारों एवं जनपदवासियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यदि लगाए गए पौधों का संरक्षण सुनिश्चित किया गया, तो मेरठ आने वाले वर्षों में उत्तर प्रदेश के सबसे हरित जनपदों में शामिल होगा।
उन्होंने कहा कि “एक पेड़ माँ के नाम” अभियान केवल पौधारोपण तक सीमित नहीं है, बल्कि यह प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी, पर्यावरण संरक्षण और आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य का जनसंकल्प है।