नमो भारत के परिचालन के तीन वर्ष सम्पूर्ण होने पर मनाया नमो भारत दिवस
दिल्ली–गाजियाबाद–मेरठ कॉरिडोर पर 4.5 करोड़ से अधिक यात्राएं दर्ज; प्रतिदिन 1.1 लाख से ज्यादा यात्री कर रहे सफर
मेरठ/एनसीआर । नमो भारत के परिचालन के तीन सफल वर्ष पूरे होने के अवसर पर एनसीआरटीसी ने ‘नमो भारत दिवस 2026’ मनाया। कार्यक्रम में केंद्रीय आवासन एवं शहरी कार्य तथा विद्युत मंत्री मनोहर लाल, केंद्रीय आवासन एवं शहरी कार्य राज्य मंत्री तोखन साहू, मंत्रालय की सचिव एवं एनसीआरटीसी की अध्यक्ष डी. तारा और शहरी विकास विभाग के सचिव सतेंद्र सिंह सहित अन्य गणमान्य लोग शामिल हुए। एनसीआरटीसी के प्रबंध निदेशक शलभ गोयल ने निदेशक मंडल और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ अतिथियों का स्वागत किया।
समारोह में नमो भारत परियोजना की अब तक की यात्रा और क्षेत्रीय परिवहन में आए बदलावों को एक फिल्म के माध्यम से प्रस्तुत किया गया। इसमें मल्टीमॉडल कनेक्टिविटी, यात्रियों के लिए फर्स्ट और लास्ट माइल सुविधा तथा पर्यावरण और वित्तीय स्थिरता की दिशा में किए जा रहे प्रयासों को दिखाया गया। ‘सोलर ऑन ट्रैक’ पहल और 110 मेगावाट क्षमता के कैप्टिव सौर ऊर्जा संयंत्र के विकास से जुड़े प्रयास भी साझा किए गए।

नमो भारत को बताया क्षेत्रीय विकास का माध्यम
केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल ने कहा कि नमो भारत केवल एक नाम नहीं, बल्कि राष्ट्र प्रथम के संकल्प, समर्पण, संस्कृति और संस्कारों की प्रेरणा है। उनके अनुसार, नमो भारत रैपिड रेल क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को नई गति दे रही है और शहरी परिवहन के भविष्य को नया आयाम प्रदान कर रही है।
मंत्री ने बताया कि 20 अक्टूबर 2023 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा शुभारंभ किए जाने के बाद दिल्ली–गाजियाबाद–मेरठ के 82 किलोमीटर लंबे कॉरिडोर पर अब तक 4.5 करोड़ से अधिक यात्राएं दर्ज की जा चुकी हैं। उन्होंने कहा कि बेहतर परिवहन शहरों के बीच दूरी कम करने के साथ लोगों को रोजगार, शिक्षा और दूसरे अवसरों से जोड़ता है। परियोजना को पूरा करने में योगदान देने वाले अधिकारियों, इंजीनियरों, तकनीकी विशेषज्ञों, कर्मचारियों और श्रमिकों की भी उन्होंने सराहना की।
82 किलोमीटर कॉरिडोर पर रोजाना 1.1 लाख से अधिक यात्री
नमो भारत कॉरिडोर पर परिचालन अक्टूबर 2023 में साहिबाबाद से दुहाई डिपो के बीच 17 किलोमीटर के प्राथमिक खंड से शुरू हुआ था। इसके बाद कॉरिडोर को चरणबद्ध तरीके से परिचालित किया गया। 22 फरवरी 2026 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्थानीय मेरठ मेट्रो के साथ पूरे 82 किलोमीटर लंबे नमो भारत कॉरिडोर को राष्ट्र को समर्पित किया।
एनसीआरटीसी के अनुसार, वर्तमान में कॉरिडोर पर रोजाना 1.1 लाख से अधिक यात्री सफर कर रहे हैं। हाल ही में यहां एक दिन में करीब 1.68 लाख यात्रियों ने यात्रा की, जो अब तक की सर्वाधिक दैनिक राइडरशिप है। तेज, नियमित और विश्वसनीय सेवाओं के चलते यात्रियों को रोजगार स्थलों, शिक्षण संस्थानों और आर्थिक केंद्रों तक पहुंचने में सुविधा और समय की बचत हो रही है।

अन्य कॉरिडोरों पर भी प्रस्तावित हैं योजनाएं
एनसीआरटीसी के अनुसार, दिल्ली–मेरठ कॉरिडोर के बाद दिल्ली–पानीपत–करनाल और दिल्ली–गुरुग्राम–बहरोड़ कॉरिडोर को भी मंजूरी मिलने की संभावना है। वहीं, गाजियाबाद–जेवर और नोएडा–फरीदाबाद–गुरुग्राम कॉरिडोर की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट तैयार करने की प्रक्रिया चल रही है।
कर्मचारियों को वार्षिक पुरस्कारों से किया सम्मानित
एनसीआरटीसी के प्रबंध निदेशक शलभ गोयल ने कहा कि संगठन की स्थापना आधुनिक, सुरक्षित, विश्वसनीय और पर्यावरण-अनुकूल क्षेत्रीय परिवहन व्यवस्था विकसित करने के उद्देश्य से की गई थी। उन्होंने कहा कि परियोजना ने इस लक्ष्य को जमीन पर उतारने की दिशा में ठोस प्रगति की है। गोयल ने टीम के सदस्यों के परिवारों के सहयोग और विश्वास के प्रति भी आभार व्यक्त किया।

समारोह में बीते वर्ष उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले कर्मचारियों को वार्षिक पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। इस दौरान संगीत और नृत्य प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम को उत्साहपूर्ण बनाया।
एनसीआरटीसी ने कहा कि नमो भारत जैसी सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था लोगों को सामाजिक, आर्थिक और शैक्षणिक अवसरों के करीब लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। संगठन यात्रियों को केंद्र में रखते हुए सुरक्षित, आरामदायक, विश्वसनीय और कुशल परिवहन सेवा उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है