मवाना तहसील समीक्षा बैठक को संबोधित करते भाकियू जिला अध्यक्ष अनुराग चौधरी
मेरठ। भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) की मवाना तहसील समीक्षा बैठक शनिवार को मवाना स्थित इंदिरा पैलेस में आयोजित की गई। बैठक में सैकड़ों गांवों के ग्राम अध्यक्षों, संगठन पदाधिकारियों और किसानों ने भाग लेकर क्षेत्र की विभिन्न समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की। बैठक में किसानों ने सरकारी अधिकारियों एवं कर्मचारियों के व्यवहार, खाद की कालाबाजारी, स्मार्ट मीटर, गन्ना भुगतान, बिजली आपूर्ति, तहसील स्तर पर भ्रष्टाचार, ग्रामों में तालाबों की सफाई तथा विभिन्न लंबित मामलों को प्रमुख समस्याओं के रूप में उठाया।
बैठक की अध्यक्षता अमित गुर्जर ने की, जबकि संचालन युवा जिलाध्यक्ष अनूप यादव एवं हर्ष चहल ने संयुक्त रूप से किया। कार्यक्रम का नेतृत्व भारतीय किसान यूनियन के मेरठ जिलाध्यक्ष अनुराग चौधरी ने किया।
बैठक के दौरान संगठन पदाधिकारियों ने किसानों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं। किसानों ने आरोप लगाया कि कई विभागों में अधिकारियों और कर्मचारियों का व्यवहार संतोषजनक नहीं है, जिससे आम किसान को सरकारी कार्यों में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। किसानों ने सहकारी समितियों में खाद की कथित कालाबाजारी, स्मार्ट मीटर लगाए जाने, बिजली संबंधी समस्याओं, तहसील में भ्रष्टाचार, ग्रामों के तालाबों की सफाई न होने, गन्ना भुगतान में देरी तथा विभिन्न मुकदमों के निस्तारण में विलंब जैसे मुद्दे प्रमुखता से उठाए।
जिलाध्यक्ष अनुराग चौधरी ने अपने संबोधन में कहा कि संगठन अब ग्राम स्तर तक अपनी पहुंच और मजबूत करेगा। इसके लिए जल्द ही ‘ग्राम जनजागरण अभियान’ शुरू किया जाएगा, जिसके तहत जिला पदाधिकारी गांव-गांव जाकर किसानों से संवाद करेंगे और उनकी समस्याओं को सीधे समझेंगे। उन्होंने कहा कि समस्याओं के समाधान के लिए पहले संबंधित अधिकारियों से वार्ता की जाएगी और यदि समाधान नहीं हुआ तो संगठन आंदोलन की रणनीति बनाकर अनिश्चितकालीन संघर्ष करने से भी पीछे नहीं हटेगा।
बैठक में एनसीआर महासचिव नरेश मवाना ने किसानों से संगठन को और मजबूत करने तथा प्रशासन के समक्ष किसानों के मुद्दों को मजबूती से उठाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि किसान हितों की अनदेखी होने पर संगठन लोकतांत्रिक तरीके से आर-पार की लड़ाई लड़ने के लिए तैयार रहेगा।
युवा जिलाध्यक्ष अनूप यादव और हर्ष चहल ने बताया कि अगले एक महीने के भीतर मवाना तहसील क्षेत्र में संगठन विस्तार अभियान चलाया जाएगा। उन्होंने लक्ष्य रखा कि इस अवधि में 500 नए युवा कार्यकर्ताओं को संगठन से जोड़ा जाएगा तथा 100 सक्रिय युवा स्वयंसेवक तैयार किए जाएंगे, जो गांव-गांव जाकर किसान हितों के लिए कार्य करेंगे।
बैठक में तहसील अध्यक्ष सत्येंद्र तालियान ने तहसील स्तर पर कथित भ्रष्टाचार का मुद्दा उठाया। वहीं, सिख अध्यक्ष जज सिंह ने खादर क्षेत्र में बूढ़ी गंगा में टिकोला मिल से कथित रूप से गंदा पानी और रासायनिक अपशिष्ट छोड़े जाने का मुद्दा उठाते हुए इसे किसानों और पर्यावरण के लिए गंभीर समस्या बताया।
बैठक के दौरान उपजिलाधिकारी मवाना संतोष सिंह और क्षेत्राधिकारी (सीओ) मवाना पंकज लवानिया भी कार्यक्रम में पहुंचे। दोनों अधिकारियों ने किसानों के साथ कांवड़ यात्रा की व्यवस्थाओं एवं अन्य स्थानीय समस्याओं पर चर्चा की तथा संबंधित मामलों में सकारात्मक समाधान का आश्वासन दिया।
कार्यक्रम में जिलाध्यक्ष अनुराग चौधरी, एनसीआर महासचिव नरेश मवाना, युवा जिलाध्यक्ष अनूप यादव, हर्ष चहल, बबलू तालियान, मदनपाल यादव, जसबीर, अमित कुंडू, इंद्रपाल मलिक, मोहित पोसवाल, अंकित जावला, अजय, चीकू, विकास, भृंग सिंह, जय बहादुर, मुकेश मुखिया, मदन गुर्जर, प्रिंस चौधरी, सुनील पिलोना, देवेंद्र, बिंदर, गुरदर्शन, बादल, संदीप, मनोज खत्री सहित बड़ी संख्या में किसान एवं संगठन पदाधिकारी उपस्थित रहे।