मंडलीय उद्योग बंधु की बैठक को संबोधित करते मंडलायुक्त
मेरठ। मेरठ मण्डल के औद्योगिक विकास को गति देने तथा उद्यमियों की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करने के उद्देश्य से गुरुवार को आयुक्त सभागार, मेरठ में मण्डलीय उद्योग बंधु समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक की संयुक्त अध्यक्षता आयुक्त, मेरठ मण्डल भानु चंद्र गोस्वामी तथा डीआईजी कलानिधि नैथानी ने की।
बैठक का शुभारंभ अपर आयुक्त उद्योग द्वारा आयुक्त, वरिष्ठ अधिकारियों एवं विभिन्न औद्योगिक संगठनों के प्रतिनिधियों के स्वागत के साथ हुआ। बैठक का संचालन भी अपर आयुक्त उद्योग द्वारा किया गया। इस दौरान मेरठ मण्डल के विभिन्न जनपदों से आए उद्यमियों एवं उद्योग संगठनों के प्रतिनिधियों ने अपने-अपने क्षेत्रों से जुड़ी समस्याओं को विस्तार से रखा, जिन पर अधिकारियों ने गंभीरता से चर्चा करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए।
सर्राफा कारोबारियों ने उठाई कारीगरों द्वारा सोना लेकर फरार होने की समस्या
बैठक में मेरठ बुलियन ट्रेडर्स एसोसियेशन ने सर्राफा कारोबारियों के सामने आने वाली गंभीर समस्या का मुद्दा उठाया। एसोसियेशन के प्रतिनिधियों ने बताया कि कई मामलों में कारीगर सोना लेकर फरार हो जाते हैं, जिससे व्यापारियों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। उन्होंने इस समस्या के स्थायी समाधान एवं प्रभावी कार्रवाई की मांग की।
इस पर पुलिस विभाग ने बताया कि समय-समय पर सर्राफा व्यापारियों एवं एसोसियेशन के पदाधिकारियों के साथ सुरक्षा संबंधी बैठकें आयोजित की जाती हैं। साथ ही सर्राफा बाजार में सुरक्षा की दृष्टि से नियमित पिकेट ड्यूटी भी लगाई जाती है। डीआईजी कलानिधि नैथानी ने बुलियन एसोसियेशन से ऐसे मामलों की एफआईआर की सूची उपलब्ध कराने के निर्देश दिए, ताकि आवश्यक कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
माप-बाट विभाग की ऑनलाइन व्यवस्था की दी जानकारी
लघु उद्योग भारती की ओर से माप-बाट विभाग से जुड़े एक मामले को उठाया गया। प्रतिनिधियों ने आरोप लगाया कि निजी विक्रेताओं द्वारा कैलिब्रेशन शुल्क नकद मांगा जाता है।
इस पर संबंधित विभाग ने स्पष्ट किया कि विभाग की सभी सेवाएं पूरी तरह ऑनलाइन कर दी गई हैं। साथ ही मरम्मतकर्ता अनुज्ञप्तिधारियों के लिए विभाग द्वारा जारी लाइसेंस को पहचान पत्र के रूप में साथ रखना अनिवार्य कर दिया गया है। आयुक्त भानु चंद्र गोस्वामी ने इस प्रकरण का निस्तारण कर इसे अगली बैठक से समाप्त करने के निर्देश दिए।
मिडफो औद्योगिक क्षेत्र के लिए शिफ्ट के अनुसार सिटी बस चलाने के निर्देश
बैठक में मिडफो (MIDFO) औद्योगिक क्षेत्र के लिए सिटी बस सेवा शुरू करने की मांग भी उठाई गई। उद्यमियों ने बताया कि बड़ी संख्या में श्रमिकों एवं कारीगरों को आवागमन में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है।
इस पर आयुक्त ने उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम, मेरठ को निर्देश दिए कि संबंधित एसोसियेशन से समन्वय स्थापित कर कारीगरों की कार्य शिफ्ट के अनुरूप बसों का संचालन सुनिश्चित किया जाए, जिससे कर्मचारियों को समय पर आवागमन की सुविधा मिल सके।
मैस्मा कैंची क्लस्टर की बिजली और कूड़ा निस्तारण समस्या पर होगी अलग बैठक
बैठक में मैस्मा कैंची क्लस्टर से जुड़े उद्यमियों ने बिजली आपूर्ति और ठोस कचरा निस्तारण की समस्याओं को प्रमुखता से उठाया।
आयुक्त ने इन दोनों विषयों की गंभीरता को देखते हुए अलग से विशेष बैठक आयोजित करने के निर्देश दिए, ताकि संबंधित विभागों के साथ समन्वय बनाकर स्थायी समाधान निकाला जा सके।
शहर के जाम और औद्योगिक क्षेत्रों की सड़क समस्याओं पर भी हुई चर्चा
यू.पी. चैंबर ऑफ कॉमर्स के प्रतिनिधि श्री राकेश रस्तौगी ने मेरठ शहर में बढ़ती ट्रैफिक जाम की समस्या तथा औद्योगिक क्षेत्रों तक जाने वाली सड़कों की खराब स्थिति का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि खराब सड़कें और जाम उद्योगों की उत्पादन क्षमता तथा व्यापारिक गतिविधियों को प्रभावित कर रहे हैं।
इस पर डीआईजी कलानिधि नैथानी ने पुलिस अधीक्षक (यातायात) को निर्देश दिए कि यातायात व्यवस्था में सुधार के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएं तथा संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर समस्याओं का समाधान कराया जाए।
विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों और उद्योग प्रतिनिधियों ने किया प्रतिभाग
बैठक में पुलिस अधीक्षक यातायात, अपर आयुक्त उद्योग, मेरठ जोन, सचिव मेरठ विकास प्राधिकरण, विभिन्न जनपदों के उपायुक्त उद्योग, विद्युत वितरण निगम, यूपीसीडा, उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम, राज्य कर विभाग, बाट-माप नियंत्रक विभाग, उप श्रमायुक्त, पुलिस अधीक्षक नगर, हापुड़-पिलखुवा विकास प्राधिकरण, ईएसआईसी, प्रदूषण नियंत्रण विभाग, अग्निशमन विभाग सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया।
इसके अलावा प्रदेश सचिव लघु उद्योग भारती राजकुमार शर्मा, पंकज कुमार जैन, मेरठ बुलियन ट्रेडर्स एसोसियेशन के अध्यक्ष विजय आनंद अग्रवाल, यू.पी. चैंबर ऑफ कॉमर्स के पंकज कुमार गुप्ता, मिडफो के प्रतिनिधियों सहित बड़ी संख्या में उद्योगपति एवं उद्यमी भी बैठक में उपस्थित रहे।
औद्योगिक विकास और समस्याओं के त्वरित समाधान पर रहा जोर
बैठक के दौरान आयुक्त भानु चंद्र गोस्वामी ने स्पष्ट किया कि प्रदेश सरकार उद्योगों को प्रोत्साहित करने और निवेश के अनुकूल वातावरण उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि उद्योगों से जुड़ी समस्याओं का समयबद्ध एवं प्रभावी समाधान सुनिश्चित किया जाए, ताकि मेरठ मण्डल में औद्योगिक विकास को नई गति मिल सके और उद्यमियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें।