रागिनी गायक पेप्सी शर्मा
गाजियाबाद। हरियाणवी लोक कला और रागिनी जगत के लोकप्रिय कलाकार एवं प्रसिद्ध रागिनी गायक पेप्सी शर्मा का रविवार को हार्ट अटैक से निधन हो गया। वह मात्र 38 वर्ष के थे। उनके अचानक निधन की खबर से हरियाणवी संगीत जगत, उत्तर प्रदेश, हरियाणा और दिल्ली-एनसीआर के कला प्रेमियों में शोक की लहर दौड़ गई है।
जानकारी के अनुसार रविवार को उन्हें सीने में तेज दर्द की शिकायत हुई। परिजन तत्काल उन्हें अस्पताल लेकर रवाना हुए, लेकिन रास्ते में ही उनकी हालत बिगड़ गई। अस्पताल पहुंचने पर चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। उनके निधन की सूचना मिलते ही परिवार, रिश्तेदारों, प्रशंसकों और कला जगत से जुड़े लोगों में दुख की लहर फैल गई।
यशपाल शर्मा था असली नाम
गाजियाबाद के निवाड़ी क्षेत्र स्थित पतला गांव निवासी पेप्सी शर्मा का वास्तविक नाम यशपाल शर्मा था। उन्होंने अपनी अनूठी गायकी, दमदार मंचीय प्रस्तुतियों और हास्य शैली के बल पर हरियाणवी रागिनी जगत में एक अलग पहचान बनाई थी। वर्षों की मेहनत और संघर्ष के बाद वह लोक कला के लोकप्रिय चेहरों में शामिल हो गए थे।
अंतिम दर्शन के लिए उमड़ी भीड़
सोमवार को गाजियाबाद स्थित उनके आवास पर अंतिम दर्शन के लिए बड़ी संख्या में प्रशंसक, शुभचिंतक और कला जगत से जुड़े लोग पहुंचे। सभी ने अपने प्रिय कलाकार को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए भावभीनी विदाई दी। गांव और आसपास के क्षेत्रों में भी शोक का माहौल देखने को मिला।
मंच पर पहुंचते ही दर्शकों को कर देते थे मंत्रमुग्ध
पेप्सी शर्मा केवल एक रागिनी गायक ही नहीं थे, बल्कि अपने हास्यपूर्ण अंदाज और बेहतरीन कॉमिक टाइमिंग के लिए भी जाने जाते थे। जैसे ही वह मंच पर पहुंचते थे, दर्शकों का मनोरंजन शुरू हो जाता था। उनकी प्रस्तुतियों में गायकी के साथ-साथ हास्य का भी अद्भुत संगम देखने को मिलता था।
हरियाणा की गोशालाओं और ग्रामीण क्षेत्रों में आयोजित होने वाली रागिनी प्रतियोगिताओं में उनकी विशेष मांग रहती थी। इसके अलावा उत्तर प्रदेश और दिल्ली-एनसीआर में भी उनके कार्यक्रमों को खूब सराहना मिलती थी।
सपना चौधरी को हराकर बटोरी थी सुर्खियां
पेप्सी शर्मा को सबसे अधिक लोकप्रियता उस समय मिली जब उन्होंने एक चर्चित गायन प्रतियोगिता में हरियाणवी डांसर और स्टेज परफॉर्मर को कड़ी टक्कर देते हुए जीत हासिल की थी। इस घटना के बाद उनका नाम पूरे हरियाणवी संगीत जगत में चर्चा का विषय बन गया था।
उन्होंने सपना चौधरी के साथ कई मंच साझा किए और दोनों की जोड़ी को दर्शकों ने खूब पसंद किया। एक कार्यक्रम के दौरान उनके नागिन डांस और मंचीय प्रस्तुति ने दर्शकों का दिल जीत लिया था।
नागिन डांस वीडियो को मिले 6 करोड़ से अधिक व्यूज
पेप्सी शर्मा और सपना चौधरी की एक संयुक्त स्टेज प्रस्तुति का वीडियो बाद में एक म्यूजिक कंपनी द्वारा जारी किया गया था। इस वीडियो में पेप्सी शर्मा का नागिन डांस काफी चर्चित हुआ और वीडियो को 6 करोड़ से अधिक बार देखा गया। यह वीडियो उनकी लोकप्रियता का बड़ा उदाहरण माना जाता है।
12 साल की उम्र में शुरू किया था गायन
परिवार के अनुसार यशपाल शर्मा ने मात्र 12 वर्ष की उम्र में रागिनी गायन की शुरुआत कर दी थी। बचपन से ही उन्हें लोक संगीत में गहरी रुचि थी। धीरे-धीरे उन्होंने विभिन्न मंचों पर प्रस्तुति देना शुरू किया और अपनी प्रतिभा के दम पर पहचान बनाई।
उनके बड़े भाई ऋषिपाल शर्मा ने बताया कि यशपाल ने अपने करियर के दौरान बुलंदशहर के प्रसिद्ध रागिनी कलाकार के साथ भी कई मंच साझा किए थे।
मेहनत के दम पर बनाई बड़ी पहचान
शुरुआती दौर में पेप्सी शर्मा के कार्यक्रमों की फीस 10 हजार से 20 हजार रुपये तक होती थी। लेकिन लोकप्रियता बढ़ने के साथ उनकी मांग लगातार बढ़ती गई। बाद के वर्षों में वह एक कार्यक्रम के लिए लगभग ढाई लाख से तीन लाख रुपये तक शुल्क लेने लगे थे।
उनकी मेहनत, संघर्ष और कला के प्रति समर्पण ने उन्हें हरियाणवी लोक संगीत जगत का एक प्रतिष्ठित नाम बना दिया था।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
पेप्सी शर्मा छह भाइयों में चौथे नंबर पर थे। उनके पिता ज्ञानचंद शर्मा किसान हैं जबकि माता माया देवी गृहिणी हैं। अपने पीछे वह पत्नी, 10 वर्षीय बेटी और 7 वर्षीय बेटे को छोड़ गए हैं।
उनके असामयिक निधन से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। वहीं उनके प्रशंसक और कला प्रेमी सोशल मीडिया के माध्यम से लगातार श्रद्धांजलि अर्पित कर रहे हैं।
कला जगत के लिए अपूरणीय क्षति
पेप्सी शर्मा का निधन हरियाणवी लोक कला और रागिनी संगीत जगत के लिए एक बड़ी क्षति माना जा रहा है। अपनी गायकी, हास्य शैली और शानदार मंचीय प्रस्तुतियों के कारण उन्होंने लाखों लोगों के दिलों में जगह बनाई थी। उनका जाना लोक संगीत जगत में एक ऐसा खालीपन छोड़ गया है, जिसे भर पाना आसान नहीं होगा।