लोडिंग टेंपो चालक से बात करते भाजपा प्रभारी मंत्री असीम अरुण
मेरठ। उत्तर प्रदेश सरकार में स्वतंत्र प्रभार राज्यमंत्री एवं मेरठ के प्रभारी मंत्री असीम अरुण का एक मानवीय और संवेदनशील चेहरा सामने आया है। मेरठ दौरे पर आए प्रभारी मंत्री ने सड़क पर हुए एक हादसे को देखकर अपना काफिला रुकवा दिया और घायल वाहन चालक की मदद के लिए स्वयं आगे बढ़ गए। इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसकी लोग जमकर सराहना कर रहे हैं।
जानकारी के अनुसार, यह घटना 13 जून की देर रात मेरठ के बिजली बंबा बाइपास क्षेत्र की है। ऋतिक नाम का एक युवक अपना लोडिंग टैंपू लेकर जा रहा था। इसी दौरान उसका वाहन अनियंत्रित होकर सड़क पर पलट गया। हादसे के बाद चालक वाहन के पास खड़ा था और मदद का इंतजार कर रहा था।
उसी समय प्रभारी मंत्री असीम अरुण का काफिला वहां से गुजर रहा था। सड़क किनारे पलटा हुआ वाहन देखकर उन्होंने तुरंत काफिला रुकवाया और मौके पर पहुंचकर वाहन चालक से बातचीत की। उन्होंने सबसे पहले चालक से उसका हालचाल पूछा और यह सुनिश्चित किया कि हादसे में किसी को गंभीर चोट तो नहीं आई है।
चालक द्वारा सुरक्षित होने की जानकारी मिलने के बाद मंत्री असीम अरुण ने अपने स्टाफ और सुरक्षाकर्मियों को बुलाकर पलटे हुए वाहन को सीधा कराने का निर्णय लिया। वीडियो में देखा जा सकता है कि मंत्री स्वयं वाहन के पास पहुंचते हैं और लोगों के साथ मिलकर वाहन को सीधा करने के लिए प्रयास करते हैं। उन्होंने अपने साथ मौजूद लोगों को निर्देश देते हुए वाहन को उठाने में सहयोग किया।
कुछ देर की मशक्कत के बाद वाहन को सड़क पर सीधा खड़ा कर दिया गया। इसके बाद मंत्री ने चालक ऋतिक से वाहन स्टार्ट करने के लिए कहा। जब वाहन स्टार्ट नहीं हुआ तो उन्होंने मौजूद लोगों से वाहन में धक्का लगाने को कहा। सभी ने मिलकर वाहन को धक्का लगाया और कुछ ही देर में वाहन स्टार्ट हो गया।
वाहन चालू होने के बाद भी मंत्री ने चालक की स्थिति के बारे में जानकारी ली और उसे जरूरत पड़ने पर चिकित्सकीय जांच कराने की सलाह दी। जब उन्हें विश्वास हो गया कि चालक सुरक्षित है और वाहन चलने की स्थिति में है, तब वह अपने काफिले के साथ आगे रवाना हुए।
गौरतलब है कि प्रभारी मंत्री असीम अरुण अपने मेरठ दौरे पर आए हुए हैं। वह 13 जून की रात मेरठ पहुंचे थे और सर्किट हाउस में रात्रि विश्राम किया। इसके बाद 14 जून को उन्होंने विभिन्न जनजागरूकता कार्यक्रमों में हिस्सा लिया। साथ ही केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर आयोजित कार्यक्रमों में भी भाग लेकर सरकार की उपलब्धियों को जनता के सामने रखा।
इस घटना का वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर लोग प्रभारी मंत्री की संवेदनशीलता और मानवीय व्यवहार की प्रशंसा कर रहे हैं। आम लोगों का कहना है कि जनप्रतिनिधियों का ऐसा व्यवहार समाज में सकारात्मक संदेश देता है और जनता तथा सरकार के बीच विश्वास को मजबूत करता है।
स्थानीय लोगों के अनुसार, सड़क हादसे के दौरान अधिकांश लोग केवल तमाशबीन बन जाते हैं, लेकिन प्रभारी मंत्री द्वारा काफिला रोककर स्वयं मदद के लिए आगे आना एक सराहनीय कदम है। यही कारण है कि यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है और लोगों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है।