अधिवक्ता रामकुमार शर्मा
मेरठ । पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हाईकोर्ट की स्थायी बेंच की लंबे समय से चली आ रही मांग को लेकर एक बार फिर आवाज बुलंद हुई है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश युवा अधिवक्ता एसोसिएशन, मेरठ ने राज्यसभा में इस महत्वपूर्ण मुद्दे को प्रभावी ढंग से उठाने पर राज्यसभा सांसद, भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष एवं मुख्य सचेतक डॉ. लक्ष्मीकांत बाजपेयी का हार्दिक अभिनंदन करते हुए उनके प्रति आभार व्यक्त किया है। एसोसिएशन ने घोषणा की है कि जल्द ही उनका सार्वजनिक सम्मान किया जाएगा और हाईकोर्ट बेंच की स्थापना के लिए व्यापक जनआंदोलन शुरू किया जाएगा।
राज्यसभा में उठा पश्चिमी उत्तर प्रदेश हाईकोर्ट बेंच का मुद्दा
एसोसिएशन द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया है कि राज्यसभा में उच्चतम न्यायालय (न्यायाधीश संख्या) संशोधन विधेयक, 2026 पर चर्चा के दौरान डॉ. लक्ष्मीकांत बाजपेयी ने पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हाईकोर्ट बेंच की स्थापना का विषय प्रमुखता से उठाया। उन्होंने सदन में कहा कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश पिछले 50 वर्षों से अधिक समय से हाईकोर्ट बेंच की मांग कर रहा है, लेकिन आज तक इस न्यायोचित मांग पर कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि न्याय व्यवस्था का मूल उद्देश्य प्रत्येक नागरिक को सस्ता, सुलभ और त्वरित न्याय उपलब्ध कराना है और इसी लक्ष्य की प्राप्ति के लिए पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हाईकोर्ट बेंच की स्थापना अत्यंत आवश्यक है।
जनसंख्या और लंबित मुकदमों के आधार पर उठाई मजबूत मांग
डॉ. बाजपेयी ने अपने वक्तव्य में कहा कि उत्तर प्रदेश की विशाल जनसंख्या, क्षेत्रफल और उच्च न्यायालय में लंबित मुकदमों की संख्या को देखते हुए न्यायिक ढांचे का विस्तार समय की आवश्यकता है। उन्होंने मेरठ सहित पश्चिमी उत्तर प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में न्यायिक सुविधाओं को मजबूत करने की आवश्यकता पर बल दिया।एसोसिएशन ने कहा कि सांसद द्वारा उठाया गया यह मुद्दा पश्चिमी उत्तर प्रदेश के करोड़ों नागरिकों की वर्षों पुरानी मांग और न्यायिक अधिकारों का प्रतिनिधित्व करता है।
10 करोड़ से अधिक आबादी को हो रही है परेशानी
प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया है कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश देश का वह क्षेत्र है, जहां से सबसे अधिक मुकदमे इलाहाबाद हाईकोर्ट तक पहुंचते हैं, लेकिन इसके बावजूद यहां आज तक हाईकोर्ट की स्थायी बेंच स्थापित नहीं की गई।लगभग 10 करोड़ से अधिक आबादी वाले इस क्षेत्र के लोगों को न्याय के लिए सैकड़ों किलोमीटर की यात्रा करनी पड़ती है। इसका सबसे अधिक प्रभाव महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों, किसानों, व्यापारियों, मजदूरों और अधिवक्ताओं पर पड़ता है, जिन्हें प्रत्येक सुनवाई के लिए समय और धन दोनों का अतिरिक्त बोझ उठाना पड़ता है।
यह केवल अधिवक्ताओं की नहीं, आम जनता की भी मांग
पश्चिमी उत्तर प्रदेश युवा अधिवक्ता एसोसिएशन ने स्पष्ट किया कि हाईकोर्ट बेंच की स्थापना केवल अधिवक्ताओं का मुद्दा नहीं है, बल्कि यह संविधान के अनुच्छेद-14 के तहत समानता के अधिकार और “न्याय तक समान पहुँच (Access to Justice)” की संवैधानिक भावना से जुड़ा व्यापक जनहित का विषय है।एसोसिएशन का मानना है कि यदि मेरठ में हाईकोर्ट बेंच स्थापित होती है तो न्यायपालिका तक भौगोलिक पहुंच आसान होगी, मुकदमों के निस्तारण में तेजी आएगी, मुकदमेबाजी का खर्च कम होगा और न्याय व्यवस्था के प्रति आम जनता का विश्वास और अधिक मजबूत होगा।
डॉ. लक्ष्मीकांत बाजपेयी का होगा सार्वजनिक सम्मान
एसोसिएशन ने घोषणा की है कि राज्यसभा सांसद डॉ. लक्ष्मीकांत बाजपेयी का शीघ्र ही सार्वजनिक सम्मान एवं अभिनंदन समारोह आयोजित किया जाएगा। संगठन ने कहा कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश की न्याय व्यवस्था को अधिक प्रभावी, सुलभ और जनोन्मुख बनाने के लिए उनके साथ मिलकर आगे भी संघर्ष जारी रखा जाएगा।
हाईकोर्ट बेंच के लिए होगा व्यापक जनजागरण अभियान
एसोसिएशन ने यह भी निर्णय लिया है कि अब हाईकोर्ट बेंच की मांग को और अधिक व्यापक बनाया जाएगा। इसके लिए अधिवक्ताओं के साथ-साथ सामाजिक संगठनों, व्यापारिक संस्थाओं, किसान संगठनों, शिक्षाविदों, जनप्रतिनिधियों और आम नागरिकों को जोड़कर एक बड़े जनजागरण अभियान और महाआंदोलन की शुरुआत की जाएगी। संगठन का कहना है कि यह आंदोलन पूरी तरह लोकतांत्रिक और संवैधानिक तरीके से चलाया जाएगा, ताकि केंद्र और राज्य सरकार इस लंबे समय से लंबित न्यायोचित मांग पर सकारात्मक निर्णय लेने के लिए प्रेरित हों।
केंद्र सरकार और मुख्य न्यायाधीश से की मांग
एसोसिएशन ने केंद्र सरकार तथा भारत के माननीय मुख्य न्यायाधीश से आग्रह किया है कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश की दशकों पुरानी न्यायसंगत मांग को स्वीकार करते हुए मेरठ में हाईकोर्ट की स्थायी बेंच स्थापित करने का निर्णय शीघ्र लिया जाए। संगठन का कहना है कि इससे क्षेत्र के करोड़ों नागरिकों को सस्ता, सुलभ और समयबद्ध न्याय प्राप्त हो सकेगा।
मुख्य बिंदु
- राज्यसभा में हाईकोर्ट बेंच का मुद्दा उठाने पर डॉ. लक्ष्मीकांत बाजपेयी का युवा अधिवक्ता एसोसिएशन ने किया अभिनंदन।
- मेरठ में जल्द सार्वजनिक सम्मान समारोह आयोजित करने की घोषणा।
- पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हाईकोर्ट बेंच की स्थापना को जनहित और संवैधानिक अधिकार से जुड़ा विषय बताया।
- अधिवक्ताओं, किसानों, व्यापारियों, सामाजिक संगठनों और आम जनता के साथ व्यापक जनजागरण अभियान और महाआंदोलन चलाने का ऐलान।
- केंद्र सरकार और भारत के मुख्य न्यायाधीश से मेरठ में हाईकोर्ट बेंच स्थापित करने की मांग दोहराई।