प्रदेश में माध्यमिक शिक्षा परिषद
लखनऊ, 31 अगस्त 2026। उत्तर प्रदेश शासन ने माध्यमिक शिक्षा परिषद, उत्तर प्रदेश से जुड़े विद्यार्थियों के हित में महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए कक्षा 9वीं एवं 11वीं के अग्रिम पंजीकरण तथा कक्षा 10वीं एवं 12वीं के परीक्षा वर्ष 2027 से संबंधित पंजीकरण की तिथियों में वृद्धि की है। शासन की ओर से यह निर्णय छात्र-छात्राओं को पंजीकरण के लिए अतिरिक्त समय उपलब्ध कराने के उद्देश्य से लिया गया है।
विशेष सचिव, उत्तर प्रदेश शासन संदीप परमार की ओर से 31 अगस्त 2026 को जारी आदेश में माध्यमिक शिक्षा निदेशक एवं सभापति, माध्यमिक शिक्षा परिषद, उत्तर प्रदेश तथा सचिव, माध्यमिक शिक्षा परिषद, प्रयागराज को संशोधित समय-सारिणी के अनुसार अग्रिम कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
छात्रहित में शासन ने बढ़ाई पंजीकरण की समय-सीमा
शासनादेश के अनुसार, शैक्षिक सत्र 2026-27 में कक्षा 9वीं एवं 11वीं में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं तथा परीक्षा वर्ष 2027 की कक्षा 10वीं एवं 12वीं के संस्थागत एवं व्यक्तिगत परीक्षार्थियों के पंजीकरण की प्रक्रिया के लिए निर्धारित पूर्व तिथियों को संशोधित किया गया है।
शासन ने स्पष्ट किया है कि माध्यमिक शिक्षा परिषद के संबंधित विनियमों में उल्लिखित तिथियां भी संशोधित समय-सारिणी के अनुरूप मानी जाएंगी। इसका सीधा लाभ उन विद्यार्थियों और संस्थानों को मिलेगा, जिन्हें निर्धारित समय में पंजीकरण प्रक्रिया पूरी करने में कठिनाई हुई थी।
कक्षा 9वीं और 11वीं के अग्रिम पंजीकरण की नई तारीखें
शैक्षिक सत्र 2026-27 में कक्षा 9वीं एवं 11वीं के अग्रिम पंजीकरण के लिए विद्यालय के प्रधानाचार्य द्वारा छात्र-छात्राओं से निर्धारित पंजीकरण शुल्क प्राप्त कर उसे राजकीय कोषागार में जमा कराने तथा विद्यार्थियों के शैक्षिक विवरण परिषद की वेबसाइट पर ऑनलाइन अपलोड करने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
संशोधित व्यवस्था के अनुसार कक्षा 9वीं एवं 11वीं के अग्रिम पंजीकरण शुल्क एवं विद्यार्थियों के शैक्षिक विवरण ऑनलाइन अपलोड करने की अंतिम तिथि 10 सितंबर 2026 की मध्यरात्रि 12 बजे तक निर्धारित की गई है।
विद्यालयों के प्रधानाचार्यों को निर्देशित किया गया है कि विद्यार्थियों से संबंधित सभी आवश्यक विवरण निर्धारित समय सीमा के भीतर परिषद की वेबसाइट upmsp.edu.in पर ऑनलाइन अपलोड किए जाएं।
चेकलिस्ट की जांच के लिए मिलेगा अतिरिक्त समय
ऑनलाइन विवरण अपलोड किए जाने के बाद विद्यालयों के प्रधानाचार्यों को विद्यार्थियों के विवरण की जांच के लिए चेकलिस्ट उपलब्ध कराई जाएगी। इसमें विद्यार्थी का नाम, माता-पिता का नाम, जन्मतिथि, जेंडर, विषय, फोटो सहित अन्य शैक्षिक विवरण शामिल होंगे।
संशोधित कार्यक्रम के अनुसार चेकलिस्ट प्राप्त कर विद्यार्थियों के विवरण की जांच करने की अवधि 11 सितंबर से 13 सितंबर 2026 तक रहेगी। इस अवधि में वेबसाइट पर किसी भी प्रकार का नया अपडेट या संशोधन करने की अनुमति नहीं होगी। विद्यालयों को इस दौरान उपलब्ध विवरणों की अच्छी तरह जांच करनी होगी।
गलतियों में संशोधन के लिए 14 से 20 सितंबर तक मौका
यदि चेकलिस्ट की जांच के दौरान किसी विद्यार्थी के नाम, माता-पिता के नाम, जन्मतिथि, जेंडर, विषय, फोटो अथवा अन्य विवरण में संशोधन की आवश्यकता पाई जाती है तो विद्यालय के प्रधान द्वारा संशोधन किया जा सकेगा।
इसके लिए 14 सितंबर से 20 सितंबर 2026 की मध्यरात्रि 12 बजे तक संशोधन की सुविधा उपलब्ध रहेगी। इस अवधि में किसी नए विद्यार्थी का विवरण अपलोड नहीं किया जाएगा। केवल पहले से अपलोड किए गए विवरणों में आवश्यक संशोधन अथवा अपडेट स्वीकार किए जाएंगे।
फोटोयुक्त नामावली और कोषपत्र जमा करने की अंतिम तिथि 30 सितंबर
पंजीकरण प्रक्रिया पूरी होने के बाद संस्था के प्रधान द्वारा पंजीकृत विद्यार्थियों की फोटोयुक्त नामावली तथा संबंधित कोषपत्र की एक प्रति परिषद के क्षेत्रीय कार्यालयों को भेजे जाने के लिए जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय में जमा करानी होगी।
इसके लिए अंतिम तिथि 30 सितंबर 2026 निर्धारित की गई है। विद्यालयों को निर्देशित किया गया है कि वे निर्धारित समय सीमा के भीतर सभी आवश्यक अभिलेख जमा कराएं।
कक्षा 10वीं और 12वीं के परीक्षा वर्ष 2027 के पंजीकरण में भी राहत
शासनादेश में परीक्षा वर्ष 2027 की कक्षा 10वीं एवं 12वीं के संस्थागत एवं व्यक्तिगत परीक्षार्थियों से संबंधित पंजीकरण प्रक्रिया की समय-सीमा में भी संशोधन किया गया है।
संशोधित कार्यक्रम के अनुसार विद्यालयों द्वारा कोषागार में जमा किए गए परीक्षा शुल्क की सूचना तथा विद्यार्थियों के शैक्षिक विवरण को माध्यमिक शिक्षा परिषद की वेबसाइट upmsp.edu.in पर ऑनलाइन अपलोड करने की अंतिम तिथि 5 सितंबर 2026 की मध्यरात्रि 12 बजे तक निर्धारित की गई है।
विद्यार्थियों के विवरण की जांच के लिए 6 से 11 सितंबर तक समय
ऑनलाइन अपलोड किए गए विद्यार्थियों के विवरण की चेकलिस्ट प्राप्त होने के बाद विद्यालयों के प्रधानाचार्य उनका परीक्षण करेंगे। संशोधित समय-सारिणी के अनुसार 6 सितंबर से 11 सितंबर 2026 तक विद्यार्थियों के विवरण की जांच एवं आवश्यक संशोधन की प्रक्रिया पूरी की जा सकेगी।
इस दौरान विद्यार्थियों के नाम, माता-पिता का नाम, जन्मतिथि, विषय, फोटो और अन्य विवरणों को सावधानीपूर्वक जांचने के निर्देश दिए गए हैं।
यदि जांच के दौरान किसी विवरण में गलती मिलती है तो विद्यालय के प्रधान द्वारा उसे निर्धारित अवधि में संशोधित किया जा सकेगा। हालांकि इस चरण में किसी नए विद्यार्थी का विवरण अपलोड स्वीकार नहीं किया जाएगा और केवल पूर्व में अपलोड किए गए विवरणों में संशोधन की अनुमति होगी।
कक्षा 10वीं और 12वीं की फोटोयुक्त नामावली भी 30 सितंबर तक जमा
कक्षा 10वीं एवं 12वीं के पंजीकृत परीक्षार्थियों की फोटोयुक्त नामावली और संबंधित कोषपत्र की प्रति भी विद्यालय के प्रधानाचार्य द्वारा जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय में जमा कराई जाएगी।
इसके लिए भी 30 सितंबर 2026 अंतिम तिथि निर्धारित की गई है। संबंधित विद्यालयों को निर्देश दिया गया है कि वे निर्धारित प्रक्रिया और समय-सीमा का पालन करते हुए अभिलेख जमा कराएं।
विद्यालयों को समय-सारिणी का पालन करने के निर्देश
उत्तर प्रदेश शासन ने संशोधित तिथियों के अनुसार अग्रेतर कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश माध्यमिक शिक्षा विभाग एवं माध्यमिक शिक्षा परिषद को दिए हैं। शासनादेश में स्पष्ट किया गया है कि संबंधित विनियमों में निर्धारित विभिन्न तिथियां अब संशोधित कार्यक्रम में उल्लिखित समय-सीमा के अनुसार मानी जाएंगी।
विद्यालयों के प्रधानाचार्यों से अपेक्षा की गई है कि वे पंजीकरण प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतें और विद्यार्थियों के शैक्षिक विवरणों को अपलोड करने से पहले उनकी पूरी तरह जांच कर लें।
विद्यार्थियों के लिए जरूरी सूचना
कक्षा 9वीं, 11वीं, 10वीं और 12वीं से संबंधित विद्यार्थियों को सलाह दी गई है कि वे अपने विद्यालय से संपर्क कर यह सुनिश्चित करें कि उनका पंजीकरण निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार किया जा रहा है। विद्यार्थियों के नाम, जन्मतिथि, अभिभावक का नाम, विषय और फोटो आदि विवरणों में किसी भी त्रुटि की स्थिति में संशोधन की निर्धारित अवधि में विद्यालय को इसकी जानकारी देना महत्वपूर्ण होगा।
शासन के इस निर्णय से पंजीकरण प्रक्रिया में शामिल विद्यालयों और छात्र-छात्राओं को अतिरिक्त समय मिलेगा तथा परीक्षा संबंधी अभिलेखों को सही एवं व्यवस्थित तरीके से तैयार करने में सहायता मिलेगी।