प्रतियोगिता में प्रतिभाग करने वाली छात्राओं को किया गया पुरस्कृत
छात्राओं ने डिजिटल तकनीक के जरिए शिक्षा, स्वास्थ्य, प्रशासन, रोजगार और उद्यमिता में बदलाव को रचनात्मक अंदाज में किया प्रस्तुत
मेरठ । रघुनाथ गर्ल्स पोस्ट ग्रेजुएट कॉलेज, मेरठ के हिंदी विभाग, आर.जी.पी.जी. इंस्टीट्यूशन इनोवेशन काउंसिल एवं स्टार्ट-अप एक्टिविटी सेल के संयुक्त तत्वावधान में ‘डिजिटल इंडिया: नवाचार से परिवर्तन की ओर’ विषय पर अंतःसंस्थागत न्यूज़ लेटर निर्माण प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता का आयोजन 22 सितंबर 2025 को हुआ था, जबकि निर्णायक मंडल द्वारा प्रतियोगिता के परिणाम का निर्णय 25 सितंबर 2026 को किया गया। कार्यक्रम महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो. निवेदिता कुमारी के संरक्षण एवं निर्देशन में संपन्न हुआ।
रचनात्मक लेखन और डिजिटल कौशल को बढ़ावा देना रहा उद्देश्य
प्रतियोगिता का मुख्य उद्देश्य छात्राओं में रचनात्मक लेखन, डिजिटल साक्षरता, नवाचार एवं उद्यमिता की भावना विकसित करने के साथ-साथ समसामयिक तकनीकी परिवर्तनों के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा। प्रतियोगिता में छात्राओं ने डिजिटल तकनीक के माध्यम से समाज, शिक्षा, स्वास्थ्य, प्रशासन, रोजगार और उद्यमिता के क्षेत्र में हो रहे बदलावों को न्यूज़ लेटर के माध्यम से रचनात्मक एवं प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया। प्रतिभागियों ने विषय की विविधता के साथ-साथ डिजिटल माध्यमों के प्रभावी प्रयोग और अपनी सृजनात्मक क्षमता का परिचय दिया। प्रतियोगिता के माध्यम से छात्राओं को तकनीक और लेखन के समन्वय के साथ अपने विचार प्रस्तुत करने का अवसर मिला।
सपना ने हासिल किया प्रथम पुरस्कार
प्रतियोगिता के निर्णायक मंडल ने प्रतिभागियों की रचनात्मकता, विषय-वस्तु, प्रस्तुतीकरण, नवीनता तथा डिजिटल माध्यम के प्रभावी प्रयोग को आधार बनाकर विजेताओं का चयन किया। प्रतियोगिता में बीए प्रथम सेमेस्टर की कुमारी सपना ने प्रथम पुरस्कार प्राप्त किया। बीएससी प्रथम सेमेस्टर की भूमिका शर्मा तथा बीएससी तृतीय सेमेस्टर की अक्सा को संयुक्त रूप से द्वितीय पुरस्कार प्रदान किया गया। बी.वॉक एसीपी की तूबा ने तृतीय पुरस्कार प्राप्त किया, जबकि एमएससी की शर्मिष्ठा को सांत्वना पुरस्कार दिया गया।
निर्णायक मंडल ने किया प्रतिभागियों के कार्य का मूल्यांकन
प्रतियोगिता के निर्णायक मंडल में प्रो. दीक्षा यजुर्वेदी एवं प्रो. सोनिका चौधरी शामिल रहीं। निर्णायकों ने प्रतिभागियों द्वारा तैयार किए गए न्यूज़ लेटर का विभिन्न निर्धारित मानकों पर मूल्यांकन किया। उन्होंने विषय की समझ, सामग्री की प्रस्तुति, रचनात्मकता, नवीनता और डिजिटल माध्यम के प्रयोग को ध्यान में रखते हुए विजेताओं का चयन किया।
डिजिटल तकनीक को शिक्षा से जोड़ने पर जोर
इस अवसर पर महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो. निवेदिता कुमारी ने छात्राओं को नवाचार एवं तकनीकी कौशल को शिक्षा के साथ जोड़ते हुए राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में तकनीकी ज्ञान और रचनात्मक क्षमता विद्यार्थियों के विकास के महत्वपूर्ण आधार हैं। कार्यक्रम की कन्वीनर एवं हिंदी विभागाध्यक्ष प्रो. सुनीता तथा डॉ. पूनम लता सिंह ने कहा कि ‘डिजिटल इंडिया’ केवल तकनीकी विकास का अभियान नहीं, बल्कि भारत को ज्ञान, नवाचार, आत्मनिर्भरता और समावेशी विकास की दिशा में आगे ले जाने का महत्वपूर्ण माध्यम है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की प्रतियोगिताएं छात्राओं की सृजनात्मक प्रतिभा को मंच प्रदान करने के साथ-साथ उन्हें भविष्य की डिजिटल एवं उद्यमशील दुनिया के लिए तैयार करने में सहायक हैं।
शिक्षिकाओं और स्टार्ट-अप कमेटी का रहा सहयोग
प्रतियोगिता के सफल आयोजन में हिंदी विभाग की समस्त शिक्षिकाओं एवं स्टार्ट-अप कमेटी की सदस्यों डॉ. नाजिमा इरफान, डॉ. सुनीता सिंह, डॉ. गरिमा कुमारी, चित्रांशी शर्मा एवं डॉ. हिना यादव का महत्वपूर्ण सहयोग रहा। कार्यक्रम के अंत में प्रतिभागियों, निर्णायक मंडल के सदस्यों, शिक्षकों एवं आयोजन समिति के प्रति आभार व्यक्त किया गया। प्रतियोगिता के माध्यम से छात्राओं को डिजिटल तकनीक, नवाचार और रचनात्मक अभिव्यक्ति को एक साथ जोड़कर अपने विचार प्रस्तुत करने का अवसर मिला।