उत्तर प्रदेश पुलिस
9 सितंबर को कंप्यूटर और उपकरण गायब होने की घटना की जांच जारी, पुलिस ने स्पष्ट किया—होमगार्ड DVPST प्रक्रिया से घटना का कोई संबंध नहीं
मेरठ । होमगार्ड की Digital Verification and Physical Standard Test (DVPST) प्रक्रिया से संबंधित डेटा और अभिलेख गायब होने की सूचना को मेरठ पुलिस ने भ्रामक, तथ्यहीन और निराधार बताया है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि DVPST प्रक्रिया के दौरान तैयार होने वाला डेटा प्रत्येक दिन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद उसी दिन ऑनलाइन अपलोड कर दिया गया था। जिला मुख्यालय पर इस डेटा की सॉफ्ट कॉपी रखने का कोई प्रावधान नहीं है।
9 सितंबर को कंप्यूटर और उपकरण गायब होने की सूचना
पुलिस के अनुसार 9 सितंबर 2026 को लिपिक संवर्ग के पुलिसकर्मी कमल सैनी ने सूचना दी थी कि बॉक्स में पैक उनका डेस्कटॉप कंप्यूटर और उससे जुड़े उपकरण गायब हैं। बताया गया कि कंप्यूटर में उनकी कुछ महत्वपूर्ण सूचनाएं सुरक्षित थीं। इस मामले में मुकदमा दर्ज कर जांच की जा रही है।
कंप्यूटर गायब होने की घटना का DVPST से कोई संबंध नहीं
इस घटना के बाद कुछ लोगों द्वारा यह सूचना प्रसारित की जा रही थी कि DVPST से संबंधित डेटा भी गायब हो गया है। पुलिस ने इस दावे को पूरी तरह तथ्यहीन और निराधार बताया है। पुलिस के मुताबिक 9 सितंबर की घटना का होमगार्ड DVPST प्रक्रिया से कोई संबंध नहीं है, क्योंकि उक्त प्रक्रिया इससे पहले ही पूरी हो चुकी थी और प्रक्रिया के दौरान प्रत्येक दिवस का डेटा उसी दिन ऑनलाइन अपलोड कर दिया गया था।
13 अगस्त से 4 सितंबर तक चली DVPST प्रक्रिया
पुलिस के अनुसार होमगार्ड की DVPST प्रक्रिया 13 अगस्त 2026 से प्रारंभ हुई थी और 4 सितंबर 2026 को समाप्त हो गई। प्रक्रिया के दौरान प्रत्येक दिन की कार्यवाही से संबंधित डेटा उसी दिवस ऑनलाइन अपलोड कर दिया गया था। इसलिए 9 सितंबर को कंप्यूटर एवं उससे जुड़े उपकरणों के गायब होने की घटना को DVPST प्रक्रिया के डेटा से जोड़ना सही नहीं है।
DVPST से संबंधित सभी हार्ड कॉपी अभिलेख सुरक्षित
पुलिस ने बताया कि DVPST से संबंधित वे सभी पत्रावलियां और अभिलेख, जिन्हें जनपद मुख्यालय पर सुरक्षित रखना अनुमन्य है, हार्ड कॉपी के रूप में डबल लॉक में सुरक्षित रखे गए हैं। इन अभिलेखों को केवल बोर्ड मुख्यालय के निर्देश पर ही खोला जा सकता है। पुलिस के अनुसार DVPST से संबंधित समस्त अनुमन्य पत्रावलियां और अभिलेख सुरक्षित हैं।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने दिए जांच के आदेश
कंप्यूटर एवं उससे जुड़े उपकरण गायब होने के मामले को गंभीरता से लेते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, मेरठ द्वारा पुलिस अधीक्षक लाइन को जांच के आदेश दिए गए हैं। जांच के दौरान घटना से संबंधित सभी तथ्यों, परिस्थितियों और संभावित जिम्मेदार व्यक्तियों की जानकारी जुटाई जा रही है।
दोषी पाए जाने पर होगी कठोर कानूनी कार्रवाई
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि जांच में यदि कोई व्यक्ति दोषी पाया जाता है तो उसके विरुद्ध नियमानुसार कठोर विधिक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि 9 सितंबर की कंप्यूटर गायब होने की घटना और होमगार्ड DVPST प्रक्रिया के डेटा के बीच कोई संबंध नहीं है।
पुलिस ने भ्रामक सूचना से बचने की अपील की
मेरठ पुलिस ने लोगों से अपील की है कि DVPST प्रक्रिया से संबंधित डेटा या अभिलेख गायब होने जैसी अपुष्ट और भ्रामक सूचनाओं पर विश्वास न करें। पुलिस के अनुसार प्रक्रिया से संबंधित डेटा निर्धारित व्यवस्था के तहत ऑनलाइन अपलोड किया जा चुका है, जबकि जनपद मुख्यालय पर रखे जाने वाले सभी अनुमन्य हार्ड कॉपी अभिलेख डबल लॉक में सुरक्षित हैं