केंद्र की 12 वर्ष की उपलब्धियां को लेकर बुकलेट का विमोचन करते भाजपा नेता कृष्ण बाल गुर्जर
मेरठ। केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में चलाए जा रहे प्रबुद्ध वर्ग जनसंपर्क अभियान के अंतर्गत गुरुवार को भारतीय चिकित्सा संघ (IMA) मेरठ शाखा के भवन में एक महत्वपूर्ण संवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में भारत सरकार के माननीय केंद्रीय सहकारिता राज्य मंत्री एवं लोकसभा सांसद श्री कृष्ण पाल गुर्जर सायं 4 बजे आईएमए भवन पहुंचे।
इस अवसर पर उनके साथ उत्तर प्रदेश सरकार में मंत्री श्री सोमेन्द्र तोमर, वरिष्ठ भाजपा नेता श्री अमित अग्रवाल तथा पार्टी के अन्य पदाधिकारी एवं जनप्रतिनिधि भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय मंत्री ने आईएमए के पदाधिकारियों एवं चिकित्सक सदस्यों के साथ विस्तृत चर्चा की और चिकित्सा क्षेत्र से जुड़े विभिन्न मुद्दों एवं चुनौतियों के संबंध में उनकी बातों को गंभीरता से सुना।
अपने संबोधन में श्री कृष्ण पाल गुर्जर ने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार के पिछले 12 वर्षों के कार्यकाल में देश में हुए विकास कार्यों, जनकल्याणकारी योजनाओं, स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार तथा आत्मनिर्भर भारत के निर्माण की दिशा में उठाए गए कदमों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि सरकार समाज के प्रत्येक वर्ग के साथ निरंतर संवाद स्थापित कर उनकी अपेक्षाओं और सुझावों को नीति निर्माण में शामिल करने का प्रयास कर रही है।
कार्यक्रम में उपस्थित चिकित्सकों ने स्वास्थ्य सेवाओं के सुदृढ़ीकरण, चिकित्सा सुविधाओं के विस्तार, चिकित्सकों की सुरक्षा तथा जनस्वास्थ्य से जुड़े विभिन्न विषयों पर अपने विचार एवं सुझाव प्रस्तुत किए। केंद्रीय मंत्री ने सभी सुझावों को सकारात्मक रूप से लेते हुए संबंधित विषयों पर उचित स्तर पर विचार किए जाने का आश्वासन दिया।
आईएमए मेरठ की अध्यक्ष डॉ. मनीषा त्यागी एवं सचिव डॉ. विकास गुप्ता ने अतिथियों का स्वागत किया तथा चिकित्सक समुदाय की ओर से विभिन्न विषयों पर अपने विचार रखे। कार्यक्रम में वरिष्ठ चिकित्सकों एवं आईएमए सदस्यों की सक्रिय सहभागिता रही। इस अवसर पर केंद्र की 12 वर्ष की उपलब्धियों पर बुकलेट का विमोचन किया गया
इस अवसर पर डॉ. चिकारा, डॉ. आशु मित्तल, डॉ. आलोक अग्रवाल, डॉ. ऋषि भाटिया, डॉ. आर.पी. मिश्रा, डॉ. अपार अग्रवाल, डॉ. मोनिका तोमर, डॉ. निशि गोयल सहित बड़ी संख्या में चिकित्सक उपस्थित रहे।
कार्यक्रम सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ, जिसमें सरकार और चिकित्सा जगत के बीच संवाद एवं सहयोग को और अधिक मजबूत बनाने पर बल दिया गया।