मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मुरादाबाद मंडल में पीडब्ल्यूडी कार्यों की समीक्षा की
लखनऊ/मुरादाबाद ।
प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को मुरादाबाद मंडल में लोक निर्माण विभाग (PWD) द्वारा संचालित विकास कार्यों की विस्तृत समीक्षा बैठक की। बैठक में विभाग की पूर्व में स्वीकृत एवं प्रगति पर चल रही परियोजनाओं की स्थिति का गहन मूल्यांकन किया गया। साथ ही आगामी सड़क एवं आधारभूत संरचना विकास परियोजनाओं की कार्ययोजना पर भी विस्तार से चर्चा की गई।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनहित से जुड़ी सभी परियोजनाओं को निर्धारित समयसीमा के भीतर उच्च गुणवत्ता के साथ पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि सड़क, पुल, फ्लाईओवर और अन्य आधारभूत विकास कार्य प्रदेश की प्रगति की रीढ़ हैं, इसलिए इनमें किसी भी प्रकार की लापरवाही या अनावश्यक देरी स्वीकार नहीं की जाएगी।
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने मुरादाबाद मंडल में निर्माणाधीन एवं प्रस्तावित परियोजनाओं की अद्यतन प्रगति रिपोर्ट की समीक्षा करते हुए अधिकारियों से प्रत्येक परियोजना की वर्तमान स्थिति की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने उन परियोजनाओं पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए जिनका कार्य अपेक्षाकृत धीमी गति से चल रहा है या जिनमें किसी प्रकार की प्रशासनिक अथवा तकनीकी बाधा आ रही है।
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि विकास कार्यों में गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि निर्माण सामग्री के मानकों का पूरी तरह पालन किया जाए तथा कार्यों की नियमित निगरानी सुनिश्चित की जाए ताकि जनता को टिकाऊ और सुरक्षित आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध हो सकें।
बैठक में आगामी परियोजनाओं की रूपरेखा पर भी विस्तार से विचार-विमर्श किया गया। अधिकारियों ने प्रस्तावित नई सड़कों, पुलों, मार्ग चौड़ीकरण, संपर्क मार्गों के विकास तथा अन्य महत्वपूर्ण निर्माण कार्यों की जानकारी मुख्यमंत्री को प्रस्तुत की। मुख्यमंत्री ने आवश्यकतानुसार योजनाओं को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाने और वित्तीय एवं प्रशासनिक प्रक्रियाओं में तेजी लाने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार का लक्ष्य प्रत्येक क्षेत्र में बेहतर सड़क संपर्क उपलब्ध कराना, यातायात व्यवस्था को सुगम बनाना तथा आर्थिक गतिविधियों को गति देना है। इसके लिए लोक निर्माण विभाग को समयबद्ध, पारदर्शी एवं जवाबदेह कार्यशैली अपनानी होगी।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि विकास परियोजनाओं की नियमित समीक्षा की जाए तथा किसी भी प्रकार की समस्या का समय रहते समाधान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि जनहित से जुड़े कार्यों में समन्वय और प्रभावी क्रियान्वयन सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
बैठक में लोक निर्माण विभाग के वरिष्ठ अधिकारी एवं संबंधित प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे। सभी अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को परियोजनाओं की प्रगति, आगामी कार्ययोजना तथा निर्धारित समयसीमा के संबंध में विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया।
मुख्यमंत्री ने अंत में कहा कि प्रदेश सरकार अधोसंरचना विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है और इसी दिशा में तेज गति से कार्य किए जा रहे हैं। उन्होंने सभी अधिकारियों से अपेक्षा की कि वे पूर्ण पारदर्शिता, गुणवत्ता और समयबद्धता के साथ कार्यों को पूरा कर प्रदेश के समग्र विकास में अपनी सक्रिय भूमिका निभाएं।