पुलिस गिरफ्त में मासूम बेटे की हत्या आरोपी मां गुरप्रीत कौर
मेरठ। मेरठ जिले के बहसूमा थाना क्षेत्र में छह वर्षीय मासूम बालक की हत्या के मामले में पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा करते हुए मृतक की मां को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि महिला के अपने प्रेमी के साथ संबंध थे और इन्हीं संबंधों में बाधा बनने के कारण मासूम की हत्या की साजिश रची गई। इससे पहले पुलिस इस मामले में मुख्य आरोपी अर्पित शर्मा को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है।
पुलिस के अनुसार, 16 जून 2026 को वादी द्वारा थाना बहसूमा में तहरीर देकर बताया गया था कि उसका छह वर्षीय पौत्र अर्पित शर्मा नामक युवक द्वारा वैगनार कार में बैठाकर ले जाया गया है। परिजनों ने बच्चे के साथ किसी अनहोनी की आशंका व्यक्त करते हुए पुलिस से तत्काल कार्रवाई की मांग की थी। शिकायत के आधार पर थाना बहसूमा में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मेरठ के निर्देश पर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण और क्षेत्राधिकारी मवाना के नेतृत्व में विशेष पुलिस टीमों का गठन किया गया। गठित टीमों ने तकनीकी और मानवीय साक्ष्यों के आधार पर नामजद आरोपी अर्पित शर्मा को गिरफ्तार कर पूछताछ की।
पूछताछ में आरोपी ने जो खुलासा किया, उसने पुलिस अधिकारियों को भी चौंका दिया। आरोपी ने बताया कि उसके मृतक बालक की मां गुरप्रीत कौर के साथ प्रेम संबंध थे। उनके रिश्तों में मासूम बच्चा बाधा बन रहा था, जिसके चलते उसने बच्चे की हत्या कर दी। आरोपी ने यह भी स्वीकार किया कि हत्या के बाद शव को हस्तिनापुर क्षेत्र के ग्राम अकबरपुर गढ़ी स्थित सती आशादेवी मठ मंदिर के पास जंगल में छिपा दिया गया था।
आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने जंगल से बालक का शव बरामद किया। साथ ही हत्या में प्रयुक्त चाकू और घटना में इस्तेमाल वैगनार कार भी बरामद कर ली गई। पोस्टमार्टम और अन्य साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने मामले में हत्या, साक्ष्य मिटाने और आर्म्स एक्ट की धाराओं को भी शामिल किया।
पुलिस जांच के दौरान मिले साक्ष्यों और आरोपी के बयान के आधार पर मृतक की मां गुरप्रीत कौर की भूमिका भी संदिग्ध पाई गई। इसके बाद पुलिस ने मामले की गहन जांच करते हुए गुरप्रीत कौर को भी आरोपी बनाया।
शुक्रवार को थाना बहसूमा पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई करते हुए गुरप्रीत कौर को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी महिला मूल रूप से महमूदपुर बांगर थाना रामराज, जनपद मुजफ्फरनगर की निवासी है और वर्तमान में बहसूमा क्षेत्र के सैफपुर फिरोजपुर में किराये के मकान में रह रही थी।
पुलिस का कहना है कि उपलब्ध साक्ष्यों के अनुसार प्रेम संबंधों में बाधा बनने के कारण मासूम की हत्या की साजिश रची गई थी। गिरफ्तार महिला को न्यायालय में पेश कर रिमांड की कार्रवाई की जा रही है। पुलिस मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।
इस हृदयविदारक घटना ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया है। एक मां पर अपने ही बेटे की हत्या की साजिश में शामिल होने के आरोप ने लोगों को स्तब्ध कर दिया है। वहीं पुलिस की त्वरित कार्रवाई और 24 घंटे के भीतर मामले के खुलासे की भी चर्चा हो रही है।
पुलिस टीम में थाना प्रभारी रविन्द्र कुमार, उपनिरीक्षक उदयपाल सिंह, महिला उपनिरीक्षक राखी विमल, हेड कांस्टेबल अजीत मलिक, अंकुर पंवार, विपिन कुमार तथा महिला कांस्टेबल मेघा वैष्णव शामिल रहीं, जिन्होंने मामले के खुलासे और गिरफ्तारी में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।