औघड़नाथ मंदिर परिसर में सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेते डी आई जी मेरठ कलानिधि नैथानी
मेरठ। कांवड़ यात्रा-2026 के दौरान शिवभक्तों की सुरक्षा, सुगम आवाजाही और सुरक्षित जलाभिषेक सुनिश्चित करने के लिए मेरठ पुलिस द्वारा व्यापक सुरक्षा एवं यातायात प्रबंध किए गए हैं। इसी क्रम में पुलिस उपमहानिरीक्षक (डीआईजी) मेरठ परिक्षेत्र श्री कलानिधि नैथानी ने रविवार, 9 अगस्त 2026 को मेरठ के प्रमुख कांवड़ मार्गों और संवेदनशील स्थलों का स्थलीय निरीक्षण किया।
डीआईजी ने रुड़की रोड, टैंक चौराहा, बेगमपुल समेत विभिन्न महत्वपूर्ण स्थानों का भ्रमण कर वहां की सुरक्षा, यातायात और भीड़ नियंत्रण व्यवस्था का जायजा लिया। इसके बाद उन्होंने थाना सदर बाजार क्षेत्र स्थित प्रसिद्ध बाबा औघड़नाथ मंदिर पहुंचकर मंदिर परिसर एवं आसपास की सुरक्षा व्यवस्था का बारीकी से निरीक्षण किया।
इस दौरान डीआईजी ने मौके पर मौजूद पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को ब्रीफ करते हुए जलाभिषेक समाप्त होने तक पूर्ण सतर्कता, संवेदनशीलता और कर्तव्यपरायणता के साथ ड्यूटी करने के निर्देश दिए।

कांवड़ कंट्रोल रूम का किया निरीक्षण
बाबा औघड़नाथ मंदिर परिसर में स्थापित कांवड़ कंट्रोल रूम का निरीक्षण करते हुए डीआईजी कलानिधि नैथानी ने वहां से संचालित की जा रही तकनीकी निगरानी व्यवस्था की जानकारी ली।
अधिकारियों ने उन्हें बताया कि मंदिर परिसर की निगरानी के लिए 03 PTZ सहित कुल 17 IP कैमरे लगाए गए हैं। इन कैमरों के माध्यम से मंदिर परिसर एवं आसपास के क्षेत्रों में लगातार रियल-टाइम निगरानी की जा रही है, ताकि किसी भी संदिग्ध गतिविधि अथवा अप्रिय स्थिति की जानकारी तत्काल प्राप्त कर आवश्यक कार्रवाई की जा सके।
डीआईजी ने कंट्रोल रूम में तैनात पुलिसकर्मियों को निर्देशित किया कि कैमरों के माध्यम से होने वाली निगरानी में किसी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए और भीड़ के दबाव, संदिग्ध गतिविधि अथवा किसी अन्य आपात स्थिति की सूचना तत्काल संबंधित अधिकारियों को दी जाए।
श्रद्धालुओं से संवाद कर जाना हालचाल
निरीक्षण के दौरान डीआईजी ने बाबा औघड़नाथ मंदिर पहुंचे श्रद्धालुओं से भी संवाद किया। उन्होंने श्रद्धालुओं का हालचाल जाना तथा सुरक्षा एवं व्यवस्थाओं के संबंध में जानकारी ली।
पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि कांवड़ियों और श्रद्धालुओं के साथ मृदुभाषी एवं सहयोगात्मक व्यवहार रखा जाए और उन्हें जलाभिषेक के दौरान किसी प्रकार की असुविधा न होने दी जाए।
मंदिर में प्रवेश और निकास व्यवस्था को व्यवस्थित बनाए रखने के साथ-साथ श्रद्धालुओं के लिए अलग-अलग व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई हैं, जिससे अत्यधिक भीड़ के बावजूद आवागमन सुचारु बना रहे।
सुरक्षा व्यवस्था में बढ़ाए गए बैरियर और चेकिंग प्वाइंट
कांवड़ यात्रा के मद्देनजर मेरठ पुलिस द्वारा प्रमुख कांवड़ मार्गों एवं संवेदनशील स्थानों पर बैरियर, पिकेट और चेकिंग प्वाइंट स्थापित किए गए हैं। आवश्यकता के अनुसार इनकी संख्या बढ़ाकर सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया गया है।
मंदिर परिसर, मेला क्षेत्र और प्रमुख कांवड़ मार्गों के संवेदनशील एवं अतिसंवेदनशील स्थानों को चिन्हित कर वहां पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया है।
इसके अलावा मंदिर के प्रवेश एवं निकास द्वारों पर विशेष व्यवस्था की गई है, ताकि श्रद्धालुओं की भीड़ एक स्थान पर एकत्रित न हो और जलाभिषेक के लिए आने वाले कांवड़ियों को निर्धारित मार्ग से व्यवस्थित रूप से आगे बढ़ाया जा सके।
एंटी सबोटाज टीम और एलआईयू की निगरानी
सुरक्षा के मद्देनजर एंटी सबोटाज चेकिंग टीम को भी सक्रिय रखा गया है। टीम द्वारा वाहनों, डस्टबिन और अन्य संदिग्ध वस्तुओं की नियमित रूप से जांच की जा रही है।
वहीं एलआईयू टीम को भी सक्रिय रखते हुए संवेदनशील गतिविधियों एवं संदिग्ध व्यक्तियों पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।
मंदिर परिसर एवं गर्भगृह में अनधिकृत प्रवेश रोकने के लिए एक्सेस कंट्रोल व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। मंदिर परिसर में व्यवहारकुशल, मृदुभाषी, स्वस्थ एवं सक्रिय महिला और पुरुष पुलिसकर्मियों की ड्यूटी लगाई गई है। ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों को समय-समय पर रोटेशन के माध्यम से बदला भी जा रहा है।
जेबकतरी और अपराध रोकने के लिए विशेष टीमें सक्रिय
कांवड़ यात्रा के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए पुलिस द्वारा जेबकतरी, चोरी, स्नैचिंग और मारपीट जैसी घटनाओं की रोकथाम के लिए विशेष सतर्कता बरती जा रही है।
इसके लिए एंटी रोमियो टीम एवं गुंडा दमन दल को भी सक्रिय किया गया है। पुलिसकर्मियों को भीड़भाड़ वाले स्थानों पर विशेष निगरानी रखने तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल उच्चाधिकारियों को देने के निर्देश दिए गए हैं।
भीड़ बढ़ने पर होल्डिंग एरिया से होगा नियंत्रण
कांवड़ यात्रा के दौरान सोमवार और शिवरात्रि के अवसर पर श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ने की संभावना को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने भीड़ नियंत्रण के लिए विशेष रणनीति तैयार की है।
अत्यधिक भीड़ का दबाव होने की स्थिति में श्रद्धालुओं को व्यवस्थित रूप से रोकने और नियंत्रित करने के लिए सुनियोजित होल्डिंग एरिया बनाया गया है। इसके माध्यम से भीड़ को चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया जाएगा, जिससे किसी भी प्रकार की अव्यवस्था अथवा भगदड़ जैसी स्थिति उत्पन्न न हो।
पुलिसकर्मियों को सीटी और उद्घोषणा प्रणाली के माध्यम से श्रद्धालुओं को लगातार आवश्यक दिशा-निर्देश देने के लिए भी निर्देशित किया गया है।
पार्किंग और यातायात व्यवस्था पर भी विशेष जोर
कांवड़ यात्रा के दौरान मेरठ के प्रमुख मार्गों पर यातायात व्यवस्था बनाए रखना भी पुलिस की प्राथमिकताओं में शामिल है। इसके लिए वाहनों को निर्धारित पार्किंग स्थलों में ही पार्क कराया जा रहा है।
मेला क्षेत्र और मंदिर परिसर में अनावश्यक वाहनों के प्रवेश पर प्रभावी नियंत्रण रखा जा रहा है। श्रद्धालुओं और आमजन की सुविधा को ध्यान में रखते हुए मंदिर एवं मेला क्षेत्र से जुड़े प्रमुख मार्गों पर यातायात व्यवस्था को सुचारु रखने के लिए पुलिस बल की तैनाती की गई है।
अधिकारियों को दिए आवश्यक दिशा-निर्देश
निरीक्षण के दौरान डीआईजी कलानिधि नैथानी ने मौके पर मौजूद एसपी सिटी श्री विनायक गोपाल, एसपी क्राइम श्री अवनीश कुमार, सुपर जोनल एवं जोनल अधिकारियों तथा क्षेत्राधिकारीगण सहित अन्य पुलिस अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
उन्होंने अधिकारियों से कहा कि कांवड़ यात्रा के दौरान प्रत्येक स्तर पर आपसी समन्वय बनाए रखा जाए और किसी भी छोटी-बड़ी सूचना को गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
डीआईजी ने ड्यूटी पर तैनात पुलिस बल को विशेष रूप से निर्देशित किया कि जलाभिषेक समाप्त होने तक सभी अधिकारी एवं कर्मचारी पूरी सतर्कता और कर्तव्यपरायणता के साथ अपने-अपने ड्यूटी प्वाइंट पर तैनात रहें।
“श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुगम जलाभिषेक सर्वोच्च प्राथमिकता”
डीआईजी मेरठ परिक्षेत्र कलानिधि नैथानी ने कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा एवं उनका सुगम जलाभिषेक पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
उन्होंने कहा कि सोमवार और शिवरात्रि के अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के मेरठ पहुंचने की संभावना को देखते हुए सुरक्षा, भीड़ नियंत्रण, यातायात और तकनीकी निगरानी के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। उद्देश्य यही है कि प्रत्येक श्रद्धालु सुरक्षित एवं सुविधाजनक वातावरण में बाबा औघड़नाथ का जलाभिषेक कर सके।
मेरठ पुलिस द्वारा कांवड़ यात्रा मार्गों से लेकर मंदिर परिसर तक लगातार निगरानी रखी जा रही है। सीसीटीवी कैमरों, वॉच टावर, एलआईयू, चेकिंग प्वाइंट, बैरियर और पुलिस पिकेट के माध्यम से सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया गया है।
कांवड़ यात्रा के अंतिम चरण में पुलिस-प्रशासन की सक्रियता से मेरठ में श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुगम आवागमन और शांतिपूर्ण जलाभिषेक सुनिश्चित करने के लिए बहुस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था लागू है।